परिवहन मंत्री को विभागीय अधिकारियों ने संबोधन से पहले जो पर्ची दी थी, उसमें न्यूनतम किराया 7 रुपये ही लिखा हुआ था। सुंदरनगर के लोक निर्माण विश्राम गृह में दोपहर 12 बजे निजी बस ऑपरेटरों के 16 पदाधिकारियों के साथ बैठक होना तय हुई थी।
परिवहन विभाग के विशेष सचिव जगदीश चंद शर्मा भी पहुंचे थे। जब परिवहन और वन मंत्री गोबिंद ठाकुर विश्राम गृह पहुंचे तो उन्होंने देखा कि वहां पर करीब 200 ट्रांसपोर्टर पहुंचे हैं। इस पर उन्होंने पदाधिकारियों के साथ बैठक न कर सबके साथ खुले में बैठक करने का निर्णय लिया।