कचरे में लगी आग बुझाने पर ही फूंक दिए 12 लाख रुपये
एमसी ने पोकलेन मशीन की ली थी मदद
अब बिल के तौर पर भरने पड़ेंगे लाखों रुपये
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। भरयाल संयंत्र के पास कूड़े के पहाड़ में लगी आग को बुझाने में नगर निगम ने करीब 12 लाख रुपये फूंक दिए। आग बुझाने के लिए निगम ने एक पोकलेन मशीन की मदद ली थी। इसे अब बिल के तौर पर यह पैसा दिया जा रहा है। वीरवार को महापौर कुसुम सदरेट की अध्यक्षता में होने वाली नगर निगम की वित्त संविदा एवं योजना समिति की मासिक बैठक में इस बिल पर चर्चा की जाएगी।
भरयाल कूड़ा संयंत्र में पिछले करीब दो साल से कूड़े से बिजली बनाने का काम ठप पड़ा है। ऐसे में शहर से रोजाना निकलने वाला 70 से 90 टन कूड़ा यहां पहाड़ के रूप में खड़ा हो गया है। करीब दो महीने पहले इस कूड़े में आग लग गई थी जिससे आसपास के गांवों में जहरीला धुआं फैल गया था। निगम ने पहले पानी से आग काबू करने की कोशिश की लेकिन जब नाकाम रहे तो फिर पोकलेन मशीन की मदद ली गई। करीब एक हफ्ते में मशीन ने कचरा पलटकर आग पर काबू पा लिया। अब इसे लाखों रुपये देने पड़ रहे हैं। यदि कूड़ा संयंत्र चालू होता तो यह नौबत नहीं आती। हालांकि, नगर निगम का दावा है कि संयंत्र की मशीन ठीक कर ली गई है। अगले महीने तक इसे चालू कर दिया जाएगा। वहीं, आग बुझाने पर जो भी पैसा खर्च हुआ है वह संयंत्र चलाने वाली कंपनी देगी।
इन प्रस्तावों पर भी आएगा फैसला
एफसीपीसी की बैठक में सैहब कर्मचारियों को यूनिफार्म देने, टैक्स बढ़ाने, सरकारी विभागों से कूड़ा शुल्क के बदले सरकार से ग्रांट लेने, निगम की दुकानों, स्टॉलों और होर्डिंग को लीज पर देने जैसे प्रस्तावों पर भी चर्चा की जाएगी। बैठक दोपहर दो बजे शुरू होगी। इसके तुरंत बाद जीएफसी की मासिक बैठक भी आयोजित की जाएगी।