शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज के जवाब पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने भी इस मामले पर स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि आज लगभग हर स्कूल में पीने के पानी के नल लग गए हैं। ऐसे में अब स्कूलों में जलवाहकों से ज्यादा बहुउद्देश्यीय कर्मचारियों का काम है।
उन्होंने कहा कि ऐसा कोई दिन नहीं, जब सरकार के पास अंशकालिक जलवाहकों के पद भरने के लिए आवेदन नहीं आते हों। मगर ये ऐसे स्कूलों से आ रहे हैं, जहां इनके पद खत्म हो चुके हैं।
वर्तमान में स्कूलों की संख्या भी बढ़ गई है। हर स्कूल में बहुउद्देश्यीय कर्मचारियों की जरूरत महसूस की जा रही है। अब स्कूलों में पानी पिलाने का काम भी कम है और अन्य काम ज्यादा हैं। ऐेसी स्थिति में नया प्रस्ताव तैयार कर बहुउद्देश्यीय कर्मचारियों की भर्ती करने का विचार किया जा रहा है।