सदर पुलिस ने तुरंत मामला दर्ज कर लिया। काफी प्रयास के बाद भी कोई सुराग नहीं लगा। इसी बीच पूछताछ पर पता चला कि नाबालिग की दादी का मोबाइल गुम है।
पुलिस ने इस एंगेल पर काम किया और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के माध्यम से लड़की की लोकेशन ट्रेस कर ली। एक टीम हेछ कांस्टेबल यशपाल के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश भेजी गई जहां लड़की को रेस्क्यू कर लिया गया।
एसएचओ सुनील कुमार ने कहा कि नाबालिगों के भागने और गायब होने के पीछे इंटरनेट और मोबाइल बड़ा कारण है। अभिभावक बच्चों के प्रति सतर्क रहें।
बच्चों से बातचीत करें और नजर रखें। स्कूल और कॉलेज में जाकर पता करें कि बच्चा स्कूल आता भी है या नहीं। समय समय पर बच्चों के मोबाइल चेक करें कि बच्चा इंटरनेट पर क्या देख रहा है।