रामपुर के खनेरी में ढाई वर्ष की मासूम को बेरहमी से मौत के घाट उतारे वाले नरभक्षि तेंदुए को शूटरों ने मार गिराया है। कई दिनों की जदोजहद के बाद तेंदुए को शुक्रवार को गोली मार दी गई।
वन विभाग ने पहले ही तेंदुए को नरभक्षि घोषित करते हुए मारने के आदेश दे दिए थे। इसके बाद से ही शूटर संभावित स्थानों और आसपास के जंगलों में तेंदुए की तलाश्ा कर रहे थे।
शुक्रवार को जब शूटर तेंदुए की तलाश कर रहे थे तो इसी दौरान रामपुर से कुछ किलोमीटर दूर पशाड़ क्षेत्र में मृग नाले के समीप तेंदुए को देखा गया।
इसी दौरान शूटरों ने उसे गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया। तेंदुए को पकड़ने के लिए कई पिंजरे भी वन विभाग ने लगाए थे। मगर वह इतना चालाक था कि किसी भी पिंजरे में नहीं फंसा। तेंदुए को मारने के लिए परवाणु से टीम को बुलाया गया था। इसके शूटर आशीष दास गुप्ता ने तेंदुए को मारने में सफलता हासिल की है।
वन विभाग के अनुसार मौके से उठाए गए पंजों के निशान और सबूतों से पता चलता है कि यह वही तेंदुआ था जिसने कुछ दिन पहले खनेरी में बच्ची को मौत के घाट उतारा था। मारे गए तेंदुए का वजन करीब 40 किलो वजनी बताया जा रहा है। यह नर तेंदुआ था।