सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले 8.55 लाख विद्यार्थियों को फरवरी और मार्च महीने में स्मार्ट वर्दी मिल जाएगी। खाद्य आपूर्ति निगम ने वर्दी खरीद के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। कंपनियों से 21 दिनों के भीतर आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। निगम दो साल के लिए एक साथ वर्दी खरीदने जा रहा है। पहली से 12वीं कक्षा में पढ़ने वाले साढ़े आठ लाख विद्यार्थियों के लिए बीते साल शुरू हुई स्मार्ट स्कूल वर्दी की टेंडर प्रक्रिया को मंत्रिमंडल ने दिसंबर में धर्मशाला में हुई बैठक में रद्द कर दिया था।
मंत्रिमंडल ने नए सिरे से वर्दी खरीदने का फैसला लिया। बीते साल टेंडर प्रक्रिया में शामिल कंपनियों को भी इसमें आवेदन करना होगा। समय की बचत करने के लिए इन कंपनियों के सैंपल दोबारा नहीं जांचे जाएंगे। प्रक्रिया में शामिल होने वाली नई कंपनियों के सैंपल ही जांचे जाएंगे।
फाइनेंशियल बिड नए सिरे से खुलेगी। शीतकालीन स्कूलों में नया शैक्षणिक सत्र 11 फरवरी से शुरू होगा। ऐसे में नया सत्र शुरू होते ही इन स्कूलों में वर्दी देने की सरकार ने तैयारियां शुरू कर दी है। शीतकालीन स्कूलों में फरवरी माह में वर्दी देने का लक्ष्य रखा गया है। ग्रीष्मकालीन स्कूलों में नया शैक्षणिक सत्र अप्रैल महीने में शुरू होगा।
ऐसे में विभागीय अधिकारियों ने इन स्कूलों में मार्च महीने में वर्दी देने का लक्ष्य रखा है। विद्यार्थियों को निशुल्क दी जाने वाली स्मार्ट वर्दी योजना का नाम भी सरकार ने बदल दिया है। कांग्रेस सरकार के समय में महात्मा गांधी वर्दी योजना और मुख्यमंत्री वर्दी योजना नाम से वर्दी दी जाती थी। प्रदेश में सत्ता परिवर्तन होने के बाद योजना का नाम बदलकर अटल स्कूल वर्दी योजना रख दिया गया है।