प्रदेश के औद्योगिक क्षेत्रों में अस्थायी कामगारों और काम की तलाश में आने वाले मजदूरों को यहां स्थित रैन बसेरों में ठंड के सीजन में मुफ्त में रात बिताने की सुविधा मिलेगी। प्रदेश के सात औद्योगिक क्षेत्रों में यह पहल की गई है। इससे कामगारों को सर्दी में ठिठुरना नहीं पड़ेगा।
हिमाचल प्रदेश उद्योग विभाग ने मानवता के आधार पर इनके लिए राज्य के विभिन्न जिलों में आशियाने बनाए हैं। इन्हें रैन बसेरा का नाम दिया गया है। जिसमें भारत के किसी भी कोने से आने जाने वाले मजदूर कड़कती ठंड में पनाह ले सकेंगे। उद्योग विभाग ने औद्योगिक क्षेत्र बद्दी में दो, नालागढ़ में एक, शिमला में एक, धर्मशाला में एक और ऊना जिले सहित सात स्थानों पर रैन बसेरों का प्रबंध किया है।
चंडीगढ़ प्रशासन की तर्ज पर हिमाचल में जो रैन बसेरे बनाए गए हैं, वह पूरी तरह से वाटर प्रूफ हैं। एक टेंट में तीस से चालीस कामगार ठहर सकते हैं। उद्योग विभाग के उपनिदेशक तिलक राज शर्मा ने बताया कि सीएम वीरभद्र सिंह और उद्योग मंत्री मुकेश अग्निहोत्री की पहल पर रैन बसेरों का निर्माण किया है।
टेंट में बाकायदा रजाई और गद्दे उपलब्ध कराए गए हैं। प्रदेश की एक कंपनी को रैन बसेरों की देखरेख का जिम्मा सौंपा है। जिससे यहां पर आने वाले कामगारों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़ा। उधर, औद्योगिक क्षेत्र में इस पुनीत कार्य के लिए बीबीएन उद्योग, लघु उद्योग भारती, गत्ता उद्योग संघ, दवा निर्माता उद्योग संघ, फार्मा विंग, एलयूबी ने प्रदेश के मुख्यमंत्री और उद्योग मंत्री का अभार जताया है। वहीं मजदूर संगठनों ने भी प्रदेश सरकार और उद्योग प्रबंधन के प्रयास की सराहना की है।