सीबीआई की विशेष अपराध शाखा की टीम ने गुड़िया के स्कूल पहुंचकर बच्चों और शिक्षकों से पूछताछ की। करीब तीन बजे शुरू की गई पूछताछ पांच बजे तक चली।
जांच टीम को इस पूछताछ में कुछ अहम सुराग मिले हैं, जो अब तफ्तीश को रफ्तार दे सकते हैं। सीबीआई की टीम विशेष अपराध शाखा के डीआईजी जगबीर सिंह के नेतृत्व में टीम करीब ढाई बजे स्कूल पहुंची।
इस टीम में एसपी एसएस गुरुम, डीएसपी सीमा पाहूजा और अन्य अधिकारी शामिल थे। इन अधिकारियों ने लगभग चार बजे तक स्कूल के ही एक कमरे में गुड़िया के सहपाठियों से पूछताछ की। उसके बाद बच्चों को छुट्टी देकर करीब एक घंटा शिक्षकों से पूछताछ की गई।
सीबीआई को मिला ये नया क्लू
गुड़िया की दसवीं कक्षा में उसके समेत कुल 16 बच्चे पढ़ते थे। इनमें आठ लड़के और आठ लड़कियां थीं। अब लड़कियां सात रह गई हैं। पांच जुलाई को एक लड़के का नया दाखिला होने के बाद लड़कों की संख्या नौ हो गई है। शनिवार को सीबीआई ने पहले गुड़िया की सहेलियों और अन्य छात्राओं से बातचीत की।
उसके बाद बारी-बारी से कक्षा में मौजूद अन्य बच्चों से भी पूछताछ की। गुड़िया का भाई और एक अन्य छात्र शनिवार को स्कूल में नहीं थे। इनसे सीबीआई बाद में बात करेगी। सूत्रों ने बताया कि गुड़िया की सहेलियों से सीबीआई को एक अहम सुराग मिला है, जो जांच को
नई दिशा दे सकता है। सीबीआई ने स्कूल के प्रधानाचार्य और दसवीं कक्षा को पढ़ाने वाले शिक्षकों से भी बातचीत की। एक शिक्षक जो गुड़िया और अन्य बच्चों के साथ दांदी जंगल के रास्ते स्कूल आते थे, उनसे भी सीबीआई आगामी दिनों में पूछताछ करेगी।
बच्चों से इस तरह के सवाल किए सीबीआई ने
गुड़िया किस नेचर की थी? क्लास में किस जगह पर बैठती थी और किसके साथ ज्यादा बैठती थी? वह किस तरह की बातें करती थी? क्या किसी के बारे में या किसी टॉपिक पर ज्यादा बात करती थी?
गुड़िया के भाई से स्कूल छुड़ाने को लीविंग सर्टिफिकेट लेने आए पिता
गुड़िया के भाई ने उस स्कूल को छोड़ दिया है, जिसमें वह बहन के साथ पढ़ता था। बहन के साथ दसवीं कक्षा में ही पढ़ने वाला यह छात्र
अब अपने गांव के निकट के मिडल स्कूल कोसेकेंडरी में अपग्रेड करने के बाद अब इसी में दाखिला लेगा। शनिवार को गुड़िया के पिता ने इस पाठशाला में पहुंचकर उसका स्कूल लीविंग सर्टिफिकेट ले लिया।
जहां सूरज की हत्या हुई, उस हवालात का दोबारा मुआयना किया सीबीआई ने
कोटखाई थाने की जिस हवालात में गुड़िया हत्याकांड के एक आरोपी सूरज की हत्या की गई, सीबीआई ने उसका दोबारा मुआयना किया। सीबीआई की तीन सदस्यीय टीम थाने के भीतर गई।
इनमें एक फोरेंसिक विशेषज्ञ थे तो दो शीर्ष अधिकारी डीआईजी जगबीर सिंह और एसपी एसएस गुरुम थे। इसके बाद ये अधिकारी भी डीएसपी सीमा पाहूजा की अगुवाई में पहले रवाना हो चुकी टीम के पीछे गुड़िया के स्कूल के लिए रवाना हुए।