एनएच-22 पर शुक्रवार को टिपरी बस सेवा को सुचारु और नियमित समय पर न चलने को लेकर करीब एक घंटा तक चक्का जाम किया। यह जाम प्रदर्शन टिपरी, जार और मोहण गांव के ग्रामीणों ने किया।
चक्का जाम किसान सभा के अध्यक्ष राकेश सिंघा के अध्यक्षता में किया गया। ग्रामीणों का कहना है कि टिपरी बस सेवा कई वर्षों से बंद पड़ी थी। इस बस को चलाने के लिए गांव के लोगों ने तहसीलदार कुमारसैन और आरएम रामपुर को इस बस समस्या से कई बार अवगत करवाया है।
इसके बावजूद एचआरटीसी रामपुर की बस को कुछ समय के लिए चलाया गया। अब वीरवार से एचआरटीसी रामपुर डिपो की बस को दलाश-नारकंडा चलाया गया, लेकिन गांव वासियों ने इस बस की नियमित टाइमिंग न होने पर काफी नाराजगी जताई है।
लोगों ने किया चक्का जाम
टिपरी गांव के ग्रामीणों ने शुक्रवार को कुमारसैन के नजदीक भराड़ा में एनएच-22 पर चक्का जाम करने का कदम उठाया। बस के लिए चक्का जाम प्रदर्शन को लेकर जार, टिपरी और मोहण गांव की महिलाओं और बजुर्गों ने भी जोरदार प्रदर्शन किया।
इस प्रदर्शन को लेकर भराड़ा के नजदीक कम से कम 1 घंटा चक्का जाम रहा। इस दौरान वाहनों की दोनों ओर लंबी-लंबी कतारें लग गई। किसान सभा के अध्यक्ष राकेश सिंघा ने कहा कि यदि टिपरी बस को नियमित समय पर न चलाया गया तो इसका खामियाजा सरकार और हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम को भुगतना पड़ेगा।
क्या कहना है तहसीलदार का
तहसीलदार डीएस नेगी से बात गई तो इस मसले को लेकर उन्होंने रामपुर के आरएम और एसडीएम को बताया है। उन्हाेंने कहा कि एक बार फिर से टिपरी बस समस्या को रामपुर के आरएम और एसडीएम को बताया जाएगा।
नियमित चलाई जाएगी बस
जब इस बारे में रामपुर के आरएम गुरबचन सिंह से बात गई तो उन्होंने बताया कि टिपरी के लिए दलाश-नारकंडा बस को चलाया गया है और दलाश-नारकंडा बस को नियमित तौर पर चलाया जाएगा।