बुधवार को राजधानी शिमला में जारी बारिश से कई जगह पेड़ ढह गए। इससे सड़क पर खड़ी गाड़ियों को भी नुकसान पहुंचा है। कई इलाकों में भूस्खलन का खतरा मंडरा गया है। यूएस क्लब के समीप मच्छी वाली कोठी के रास्ते में पेड़ गिर गया। इससे एक गाड़ी क्षतिग्रस्त हुई है। शिमला-कालका ट्रैक पर मलबा गिरने से एक घंटा सभी ट्रेनें देरी से चलीं। मंडी के जोगिंद्रनगर उपमंडल में भूस्खलन से सियुरी से छपरोट सड़क बंद हो गई है। मंडी-पठानकोट हाईवे तालाब बन गया है। उधर, कांगड़ा के बगलामुखी मंदिर की सीढि़यों को भी भारी बारिश से नुकसान हुआ है। पांवटा साहिब में सबसे ज्यादा 116, नारकंडा में 88, धौलाकुआं में 76, नाहन में 60, शिमला में 33 मिलीमीटर बारिश हुई है। ऊना-बिलासपुर में अधिकतम तापमान 33.0, हमीरपुर में 26.5, चंबा में 31.5, धर्मशाला में 26.8, सोलन-कल्पा में 25.0, शिमला में 22.2, कांगड़ा में 27.3, मंडी में 29.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ।