हिमाचल के बागवान अब इटली के सेब और नाशपाती की किस्मों से अपनी तकदीर बदल सकेंगे। कम समय में तैयार होने वाले ये पौधे गुणवत्ता और उत्पादन के लिहाज से भी बेहतर विकल्प बताए जा रहे हैं। बागवानी विभाग ने इटली से दोनों फलों के पौधों की खेप मंगवाई है, जिसे कुल्लू के बजौरा और कांगड़ा जिले के पालमपुर में स्टोर किया गया है।
सेब और नाशपाती उत्पादन पर कुल्लू, शिमला, मंडी और किन्नौर जिलों के बागवानों की आजीविका निर्भर करती है। प्रदेश में बागवानों की आय में बढ़ोतरी के मकसद से लाए गए पौधों को विभाग दिसंबर महीने में आवंटित करना शुरू कर देगा।
विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक इटली से लाए गए सेब और नाशपाति के पौधे की कीमत 300 रुपये है। जिन क्षेत्रों में वर्तमान समय में सेब और नाशपाती का उत्पादन होता है, उन क्षेत्रों के बागवानों के अलावा सूबे के अन्य क्षेत्रों के बागवानों को भी ये पौधे आवंटित किए जाएंगे।