सड़क पक्की न होने से सामान नहीं हो पाया शिफ्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। अटल सुपर स्पेशलिटी आर्युविज्ञान संस्थान (चमियाना) में डीएनबी कोर्स शुरू करवाना मुश्किल हो सकता है।
अस्पताल में अभी तक यूरोलॉजी विभाग शिफ्ट नहीं हो पाया है। लिहाजा इस कोर्स को शुरू करवाना मुश्किल हो गया है। अटल सुपर स्पेशलिटी आर्युविज्ञान संस्थान (चमियाना) के यूरोलॉजी विभाग में पहली बार डीएनबी कोर्स शुरू करने की तैयारी है। जनरल सर्जरी कर चुके डॉक्टर इस कोर्स के लिए पात्र हैं। संस्थान की ओर से इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी है। लेकिन अभी तक यूरोलॉजी विभाग शिफ्ट नहीं हो पाया है। कहा जा रहा है कि चमियाना अस्पताल में पर्याप्त सुविधाएं हैं लेकिन आईजीएमसी में मौजूदा समय में चल रहे विभाग का सामान शिफ्ट नहीं हो पाया है। इसके अलावा दूसरी ओर चमियाना सड़क भी पूरी तरह से पक्की नहीं हुई है। इस वजह से इसे शिफ्ट करने में दिक्कतें पेश आ रही हैं। सूत्रों का कहना है कि मौजूदा समय में फोरलेन का काम चला है। इस वजह से भी सड़क पक्की नहीं हो पा रही। मौजूदा समय में सड़क कच्ची है। इस वजह से मरीजों को यहां तक पहुंचना मुश्किल होगा। अटल सुपर स्पेशलिटी आर्युविज्ञान संस्थान (चमियाना) के प्राचार्य डॉ. रजनीश पठानिया ने बताया कि विभाग को शिफ्ट करने को लेकर दोबारा से बैठक होगी। इसके बाद इस पर फैसला लिया जाएगा।
ये होता है डीएनबी डीएनबी (डिप्लोमेट ऑफ नेशनल बोर्ड) तीन साल का पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स है। इस कोर्स को शुरू करने की अनुमति नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन (एनबीई) की ओर से दी जाती है। लिहाजा संस्थान की ओर से इस कोर्स को शुरू करवाने की अनुमति मांगी है। इसकी प्रक्रिया जारी है, ऐसे में इसके पूरे होने के बाद अगस्त माह से संस्थान यह कोर्स विभाग में शुरू करवाने की तैयारी कर रहा है। एमएस (जनरल सर्जरी) कर चुके चार-चार डॉक्टर हर साल इस कोर्स को करने के लिए पात्र होंगे। जून माह में ऑल इंडिया स्तर पर परीक्षा होगी। इसमें पात्र डॉक्टरों का चयन इस कोर्स के लिए किया जाएगा। इसके बाद वह सहायक प्रोफेसर बनेंगे।