फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kullu: कुल्लू के दुर्गम पहाड़ों में उड़ेंगे इसरो के ड्रोन, आपदा राहत कार्यों को तेज और सुरक्षित बनाएंगे

Fri, 16 Jan 2026 12:57 PM IST
Krishan Singh संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू।

सार

 कुल्लू जिले के दुर्गम और पहाड़ी इलाकों में अब इसरो के आधुनिक ड्रोन उड़ान भरेंगे। ये आपदा राहत कार्यों को तेज और सुरक्षित बनाएंगे। 
विज्ञापन
ड्रोन - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के दुर्गम और पहाड़ी इलाकों में अब इसरो के आधुनिक ड्रोन उड़ान भरेंगे। ये आपदा राहत कार्यों को तेज और सुरक्षित बनाएंगे। जिला परिषद अध्यक्ष पंकज परमार के नेतृत्व में सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल केरल स्थित इसरो केंद्र पहुंचा, जहां वैज्ञानिकों के साथ तकनीकी बैठक होगी। यदि यह पहल सफल रही तो न केवल कुल्लू, बल्कि पूरे हिमाचल प्रदेश के लिए यह ड्रोन तकनीक जीवन रक्षक साबित होगी। भूस्खलन, बर्फबारी और भारी बारिश से कटे गांवों तक राहत पहुंचाने में क्रांति ला सकती है।

विज्ञापन

जिला परिषद अध्यक्ष पंकज परमार ने बताया कि जिले के दुर्गम और पहाड़ी इलाकों में आपदा राहत कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के आधुनिक ड्रोन उड़ान भरेंगे। यह पहल जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) और जिला परिषद के संयुक्त प्रयासों से संभव हो पाई है। आपदा से निपटने के लिए इसरो की ओर से यह प्रस्ताव मिला है। यदि यह योजना सफलतापूर्वक लागू हुई तो कुल्लू ही नहीं, बल्कि पूरे हिमाचल प्रदेश के लिए यह एक वरदान साबित होगी।
विज्ञापन

उन्होंने बताया कि इसको लेकर उनके नेतृत्व में सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल इसरो मुख्यालय के लिए रवाना हो गया है। इस दल में मलाणा के तीन युवा और शाकटी-मरौड़ क्षेत्र के तीन प्रतिनिधि शामिल हैं। यह प्रतिनिधिमंडल केरल के तिरुवनंतपुरम स्थित इसरो केंद्र में वैज्ञानिकों के साथ बैठक करेगा। बैठक के बाद कुल्लू में इन ड्रोन का ट्रायल भी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, भारी बारिश और बर्फबारी के कारण कई बार गांवों का संपर्क कट जाता है। ऐसे में यह ड्रोन तकनीक आपदा के समय जीवन रक्षक साबित होगी और राहत कार्यों को तेज और सुरक्षित बनाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें