100 करोड़ से बनने वाले इस ईएसआई अस्पताल से क्षेत्र के 15000 से अधिक कामगार व उनके आश्रित लाभान्वित होंगे। उन्होंने अधिक से अधिक कामगारों को ईएसआई योजना में शामिल करने के भी निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि यह भी सुनिश्चित बनाएं कि सभी उद्यमी उनके पास काम कर रहे कामगारों के पहचान कार्ड बनाएं। जो उद्यमी कामगारों के पहचान पत्र नहीं बनाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
उद्योग मंत्री ने श्रम संगठनों से जुड़े प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे कामगार हितों से संबंधित मामले विशेषकर कामगारों के पहचान पत्र बनाने में अपना सहयोग दें।
उन्होंने ईएसआई के अधिकारियों को कामगारों की सुविधा के चिकित्सा सुविधा से सुसज्जित मोबाइल वैन चलाने की संभावनाएं तलाशने और क्षेत्रीय कर्मचारी राज्य बीमा निगम की बैठक नियमित तौर पर आयोजित करने के भी निर्देश दिए।