डाक विभाग की बचत योजनाओं में निवेश करने वालों के लिए राहत भरी खबर है। अगर आप इस वित्त वर्ष में एक साल, दो साल, तीन साल और पांच साल की फिक्स डिपॉजिट बचत या पांच साल के लिए रैकरिंग डिपॉजिट में निवेश करते हैं तो ब्याज 0.2 फीसदी तक बढ़ी हुई दर पर मिलेगा।
डाक विभाग ने एक अप्रैल से कुछ बचत योजनाओं में ब्याज बढ़ाया है। हालांकि, यह बढ़ोतरी मामूली है, लेकिन छोटे निवेशकों के लिए इसका भी महत्व है। मौजूदा समय में हिमाचल के लोगों का पोस्ट ऑफिस की बचत योजनाओं में रुझान है।
सरकार ने नई ब्याज दरों का ऐलान कर दिया है, जो एक अप्रैल, 2014 से लागू होंगी। हिमाचल प्रदेश डाक विभाग के निदेशक आरएस मिश्रा ने इसकी पुष्टि की है।
उन्होंने कहा कि एक अप्रैल, 2014 से ब्याज दरें बढ़ेंगी। नई दरें 1 अप्रैल, 2014 से 31 मार्च 2015 तक लागू रहेंगी।
प्रदेश में 85 लाख निवेशक
सोलन में डाक विभाग में निवेश करने वालों की संख्या करीब 75000 है। इनमें से अधिकांश किसान-बागवान, छोटे कारोबारी और मध्यम वर्गीय परिवार हैं। हिमाचल में कुल निवेशकों की संख्या करीब 85 लाख है। अधिकांश निवेश डाकघरों में ही किया जाता है।
इन पर मिलेगा बढ़ा ब्याज
- एक साल और दो साल वाली फिक्स डिपॉजिट बचत योजनाओं पर 8.4 प्रतिशत ब्याज मिलेगा, जो अभी तक 8.2 प्रतिशत है।
- तीन साल वाली फिक्स डिपॉजिट योजना की ब्याज दर भी मामूली बढ़ाकर 8.4 फीसदी की गई है, जो अभी 8.3 फीसदी है।
- पांच साल वाली फिक्स डिपॉजिट योजना पर 8.5 प्रतिशत ब्याज मिलेगा। फिलहाल यह 8.4 प्रतिशत है।
- पांच साल वाली रैकरिंग डिपॉजिट मासिक, साप्ताहिक या रोजाना जमा) पर भी ब्याज दर मौजूदा 8.3 प्रतिशत से बढ़ाकर 8.4 प्रतिशत की गई है।
इन स्कीमों में यथावत रहेगा ब्याज
सामान्य बचत खाता, पब्लिक प्रॉविडेंट फंड (पीपीएफ ) पांच और दस साल वाले नेशनल सेविंग्स सर्टिफिकेट, सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम, मंथली इनकम स्कीम, एमआईएस जैसी दूसरी योजनाओं पर ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
सामान्य बचत खाते पर पहले की तरह 4 फीसदी ब्याज मिलता रहेगा।
पीपीएफ पर भी ब्याज दर 8.7 प्रतिशत पर बरकरार रखी गई है।
5 साल की अवधि वाले नेशनल सेविंग्स सर्टिफिकेट, एनएससी पर पहले की तरह 8.5 प्रतिशत ब्याज मिलता रहेगा।