25 सितंबर से शुरू होने वाले नवरात्रों और 3 से 6 अक्तूबर तक होने वाल जिला स्तरीय दशहरा मेले के लिए मां भीमाकाली मंदिर सजने शुरू हो गया है। मंदिर परिसर में रंग रोगन और पूरे मंदिर परिसर को साफ करने का काम जोर-शोर से चल रहा है।
मां भीमाकाली को नए वस्त्र सिलाए जा रहे हैं। 25 सितंबर से शुरू हो रहे शरद नवरात्रों में मां भीमाकाली मंदिर में दूर-दूर से हजारों लोग आशीर्वाद लेने सराहन आते हैं। और नवरात्रों के बाद 3 से 6 अक्तूबर तक दशहरा मेला धूमधाम से मनाया जाता है।
इस मेले में लगने वाली दुकानों के प्लाटों का आवंटन 28 सितंबर को किया जाएगा। इसके लिए मंदिर ट्रस्ट और मेला कमेटी की ओर इसे आकर्षक बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
इस बार भी मेले में स्थानीय देवताओं के अलावा कुल्लू और किन्नौर के देवी देवताओं को बुलाया जा रहा है। मेले में सांस्कृतिक संध्या का भी आयोजन किया जा रहा है। इसमें स्थानीय कलाकार और स्कूली बच्चे कार्यक्रम देंगे।
इसके अलावा पहली बार सभी देवलुओं में लोकनृत्य और परंपरागत वाद्ययंत्रों की प्रतियोगिता भी करवाई जा रही है। एसडीएम रामपुर और अध्यक्ष जिला स्तरीय दशहरा मेला समिति दलीप नेगी का कहना है कि मेले को आकर्षक बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
सभी स्थानीय देवताओं के साथ कुल्लू और किन्नौर के देवताओं को भी मेले में शामिल करवाने का पूरा प्रयास किया जा रहा है।