कई पंचायतों में उम्मीदवारों पर नामांकन वापस लेने का दबाव भी बनाया जा रहा है। कुछ स्थानों पर परिवार और गांव स्तर पर बैठकें आयोजित कर एकमत उम्मीदवार तय करने की कोशिश हो रही है। वहीं कई उम्मीदवार चुनावी खर्च और स्थानीय समीकरणों को देखते हुए भी मैदान छोड़ रहे हैं। आयोग के अधिकारियों के मुताबिक शुक्रवार दोपहर तक नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी जाएगी। इसके साथ ही सभी प्रत्याशियों को चुनाव चिह्न आवंटित कर दिए जाएंगे। चुनाव चिह्न मिलने के बाद उम्मीदवार ग्रामीण क्षेत्रों में प्रचार अभियान और तेज करेंगे।