प्रदेश हाईकोर्ट ने वन भूमि से पेड़ काटकर अवैध ढंग से सेब के बगीचे विकसित करने के मामले में मुख्य अरण्यपाल को आदेश दिए कि वह शिमला और कुल्लू में वन भूमि पर पाए गए अवैध कब्जों को 4 सप्ताह के भीतर हटाएं।
कोर्ट ने सरकार को चेताया कि यदि हाईकोर्ट के आदेशों की अनुपालना नहीं हुई तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कोर्ट के आदेशों की अवमानना का मामला चलाया जाएगा। न्यायाधीश संजय करोल और न्यायाधीश तरलोक सिंह चौहान की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई के दौरान पीसीसीएफ एसएस नेगी, शिमला सीएफ और डीएफओ ठियोग केआर कौंडल कोर्ट में हाजिर रहे।
सुनवाई के दौरान सरकार ने कोर्ट के पिछले आदेशों की अक्षरश: अनुपालना न करने पर माफी मांगी। सरकार ने बताया कि डीएफओ रोहड़ू चमन लाल का हमीरपुर किया गया तबादला आदेश रद्द कर दिया गया है।