नए गार्ड पवन ने बीट संभाली। गार्ड की शिकायत के बाद वन विभाग की टीम ने शलोट गांव के साथ लगते यू- 260 जंगल में 400 से अधिक पेड़ों के कटे ठूंठ पाये। जिनमें देवदार, बान व चीड़ के पेड़ भी शामिल थे।
इनकी मार्र्र्केट वेल्यू करीब 20 से 30 लाख के करीब बताई गयी थी। अवैध पेड़ कटान का मामला सामने आने के बाद वन विभाग ने भूप सिंह के खिलाफ पुलिस थाना ढली में एफआईआर भी दर्ज करवाई।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजय करोल व न्यायाधीश अजय मोहन गोयल की खंडपीठ ने वन विभाग के संबंधित दोषी कर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के आदेश दिए।
इस मामले में रेंज ऑफिसर अनु ठाकुर की शिकायत पर पुलिस ने जुन्गा के शलोट गांव के भूप राम के खिलाफ फॉरेस्ट एक्ट के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू की गई है। जांच में सामने आया था कि वन विभाग के यू-260 जंगल में पेड़ों का कटान पिछले 4 सालों से गुपचुप तरीके से हो रहा था।
लेकिन विभाग को इसकी भनक तक नहीं लगी। कोर्ट ने प्रधान सचिव वन को यह बताने के आदेश भी दिए कि इस मामले में लिप्त दोषी वन अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ क्या कार्यवाई अमल में लाई गई है।
कोर्ट ने यह भी पूछा था कि क्या केवल भूप राम ही इस वन कटान के अपराध में शामिल है या अन्य लोग भी निजी अथवा सरकारी भूमि पर अवैध पेड़ कटान में शामिल है। गौरतलब है कि मामला दर्ज करने के बाद वन विभाग और पुलिस टीम ने भूपराम के घर पर दबिश दी थी और उसके घर से 23 बोरियां कोयले की बरामद की।