इस मामले में हाईकोर्ट ने प्रदेश में सक्रिय खनन माफि या से निपटने व खनिजों के उचित दोहन के लिए पॉलिसी बनाने के आदेश जारी किये थे। यह आदेश अवैध खनन और सरकारी राजस्व की चोरी रोकने के लिए जारी किए थे।
कोर्ट ने प्रदेश में खनन माफि याओं की बढ़ती सक्रियता पर छपी खबरों पर लिये गये संज्ञान वाली जनहित याचिका की सुनवाई के पश्चात उपरोक्त आदेश पारित किए।
उल्लेखनीय है कि कोर्ट ने सरकार की कार्यप्रणाली पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा था कि अखबारों में खबरें आ रही है कि प्रदेश में खनन माफि या पर लगाम लगाने में सरकार नाकाम हो गई है।
कोर्ट ने पूछा था कि उन अधिकारियों के खिलाफ क्या कार्यवाई की जिनके संरक्षण में खनन माफि या अपना अवैध कारोबार जारी रखे हुए हैं। मामले पर अगली सुनवाई 23 अगस्त को होगी।