प्रदेश सरकार ने इन शिक्षकों के आईपी नंबर ब्लॉक कर दिए हैं।
हाल ही में अनुबंध पर लाए गए करीब पांच हजार पीटीए शिक्षकों को तगड़ा झटका लगा है। प्रदेश सरकार ने इन शिक्षकों के आईपी नंबर (आईडेंटिफिकेशन पासवर्ड) ब्लॉक कर दिए हैं। यह आईपी सरकारी और अनुबंध कर्मचारियों को मिलते हैं।
इस नंबर के बगैर कर्मचारियों को अस्थायी माना जाता है। प्रदेश सरकार ने अनुबंध पीटीए शिक्षकों की तनख्वाह अन्य अनुबंध कर्मचारियों की तर्ज पर एचपी- 01, 02 और 03 रेगुलर हेड की बजाय दूसरे हेड से जारी की है। गौरतलब है कि आईपी नंबर से कर्मचारियों को अपनी सैलरी, डीए और इंक्रीमेंट की जानकारी मिलती है।
प्रदेश सरकार के इस फैसले से पीटीए शिक्षक भड़क गए हैं। शिक्षक संघ के प्रदेशाध्यक्ष विवेक मेहता, जनरल सेक्रेटरी शिशुपाल गाजटा, उपप्रधान प्रताप फौजी, सह सचिव ललित ठाकुर, प्रभारी दिनेश ठाकुर, संघर्ष समिति अध्यक्ष सुभाष भारद्वाज और स्टेट कोऑर्डिनेटर मायाराम कपूर ने कहा कि किन्नौर में 180 अनुबंध पीटीए शिक्षकों के आईपी नंबर ब्लॉक कर दिए गए हैं।
अन्य अनुबंध पीटीए शिक्षकों के नंबर भी ब्लॉक किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि हिमाचल में 5087 पीटीए शिक्षक अनुबंध पर हैं। एलीमेंटरी विभाग के अधीन तीन हजार से ज्यादा शिक्षकों को टारगेट किया जा रहा है।
वहीं शिक्षा विभाग के डिप्टी डायरेक्टर आशीष कोहली का कहना है कि पीटीए शिक्षकों के आईपी नंबर तकनीकी कारणों से ब्लॉक हो गए हैं। इस मामले को गंभीरता से देखा जा रहा है। शिक्षकों का अलग हेड से तनख्वाह रिलीज करने की बात सही नहीं है।