पंचायत प्रधान नीमा ठाकुर ने बताया कि हिमखंड गिरने की सूचना स्थानीय प्रशासन को दे दी गई है। जिलाधीश चंबा हरीकेश मीणा ने बताया कि उन्हें पांगी में हिमखंड गिरने की मिली है।
पांगी प्रशासन से नुकसान की रिपोर्ट मांगी है। प्रभावित परिवारों को हरसंभव मदद की जाएगी। उधर लाहौल घाटी में चंद्रा वैली के थांगथांग में हिमखंड खिसकने से तीन कच्चे मकान बर्फ में दब गए।
एसडीएम सुभाष गौतम ने बताया कि सिस्सू से पुलिस रेडियो मैसेज के जरिये घटना की जानकारी मिली है। बिलिंग नाला में भी हिमखंड गिरने की प्रशासन को सूचना मिली है। घाटी के कई हिस्सों में हिमखंड गिरने की आशंका को देखते हुए अलर्ट जारी किया है।
पर्यटन नगरी मनाली सहित, कुफरी, डलहौजी, रोहतांग और लाहौल में शनिवार सुबह तक बर्फबारी का दौर जारी रहा। किन्नौर, चंबा और मंडी जिला के सिराज व नाचन क्षेत्र के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में भी बर्फबारी हुई।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने 19 और 20 फरवरी को प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में भारी बारिश, ओलावृष्टि और बर्फबारी की चेतावनी जारी की गई है। रविवार को भी प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में बारिश-बर्फबारी होने का पूर्वानुमान है।
शनिवार को राजधानी शिमला समेत प्रदेश के अधिकांश क्षेत्र में मौसम साफ रहा। लाहौल में फंसे मरीजों और लोगों को एयरलिफ्ट करने के लिए निजी हेलीकाप्टर से दो उड़ानें भी हुईं।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार कोठी में 30, डलहौजी में 24, केलांग में 9, खदराला में 8, कुफरी में 7, कल्पा में 7, पूह में चार, मनाली में तीन, रोहतांग में 30, सोलंगनाला में 10 सेंटीमीटर बर्फ रिकॉर्ड की गई। ब्यूरो