पर्यावरण से कृषि पर बदलाव, जलविद्युत परियोजनाओं और पर्यटन से विकास की संभावनाओं जैसे विषयों पर शुक्रवार को शिमला में दस राज्य आपस में मंथन करने जा रहे हैं। इसके लिए हिमालयी राज्यों के मुख्यमंत्री, मंत्रियों और अधिकारियों का राज्य अतिथि गृह शिमला में सम्मेलन होने जा रहा है। इसमें भाग लेने को वीरवार शाम तक मणिपुर के कृषि मंत्री बी हंग खलयान और मेघालय के पर्यटन मंत्री मेटवा लिंगदोह आ चुके हैं। मेघालय के दो विधायक नुजरोफी संघो और रकम संगमा भी शिमला पहुंचे हैं।
यह सम्मेलन दो बजे से शुरू होगा। इसमें हिस्सा लेने को केंद्रीय कृषि मंत्री राधामोहन और केंद्रीय गृह राज्य मंत्री किरण रिजिजू भी शुक्रवार को शिमला पहुंचेंगे। इनके अलावा अरुणाचल प्रदेश के उप मुख्यमंत्री चोना मी शुक्रवार को ही शिमला पहुंचेंगे। उत्तराखंड से मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत, मंत्री सुबोध उनियाल और दो अन्य विधायक भी आएंगे।
जम्मू-कश्मीर से अधिकारी ही आ पाएंगे। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर इसमें विशेष रूप से मौजूद होंगे। प्रधान सचिव पर्यावरण विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी आरडी धीमान ने बताया कि दस हिमालयी राज्यों की भौगोलिक परिस्थतियां लगभग एक सी है। ऐसे में इनके कई मुद्दे भी साझा है। ऐसे में इनका एकजुट होना बहुत जरूरी है। ये राज्य साझा नीति पर चर्चा करेंगे।