ओलावृष्टि से खेतों में बिछी बर्फ की सफेद चादर।
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प्रदेश में वीरवार को ओलावृष्टि और बारिश से मंडी व कांगड़ा जिला में काफी नुकसान हुआ है। सराज में जंजहैली के साथ लगते दर्जनों गांवों में भारी ओलावृष्टि से मटर की फसल खराब हो गई है। कांगड़ा के कुछ क्षेत्रों में बारिश होने से धान की काटी हुई फसल को नुकसान हुआ है। सराज विधानसभा क्षेत्र के तहत वीरवार दोपहर करीब एक बजे जंजैहली, केलोनाल, ढीम कटारू, संगलवाडा, ध्वारा, शील, रियाड़ा, भुलाह सहित आसपास के गांवों में ओलावृष्टि होने से किसानों की मेहनत पर पानी फिर गया।
ओलावृष्टि से किसानों की मटर की फसल पूरी तरह तबाह हो गई है। आधे घंटे हुई ओलावृष्टि से खेतों में बर्फ की चादर बिछ गई। प्रभावित किसानों ने स्थानीय प्रशासन से नुकसान का आकलन करवा कर उचित मुआवजा देने की मांग की है। तहसीलदार थुनाग दीक्षांत ठाकुर ने बताया कि ओलावृष्टि से किसानों की काफी फसल बर्बाद हुई है।
नुकसान का जायजा लेने के बाद रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी। उधर, जिला कांगड़ा के नूरपुर और इंदौरा में सुबह हल्की बारिश के कारण किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ा। धर्मशाला और आसपास के क्षेत्रों में दोपहर बाद तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। कई क्षेत्रों में किसानों द्वारा खेतों में काटी धान फसल भीग गई है। कई जगह बारिश से खड़ी धान की फसल को नुकसान हुआ है।