मानसून में अब तक 7,403 कच्चे-पक्के मकानों व दुकानों को क्षति
प्रदेश में बादल फटने की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। भारी बारिश, बाढ़ एवं भूस्खलन से हर साल तबाही हो रही है। पहाड़ों पर पिछले 30 वर्षों में अत्याधिक बारिश की घटनाओं में 200 फीसदी तक बढ़ोतरी हो गई है। इस मानसून सीजन के दौरान अभी तक कुल 4,31,399.99 लाख रुपये की संपत्ति का नुकसान हो चुका है। इस मानसून सीजन में 20 जून से 11 सितंबर तक 380 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। 447 लोग घायल हुए हैं। 40 लोग अभी भी लापता हैं। इस दौरान 165 लोगों की सड़क हादसों में मौत हुई है। राज्य में 7,403 कच्चे-पक्के मकानों व दुकानों को क्षति हुई है। 5,762 गोशालाओं को भी नुकसान हुआ है। 1,983 पालतु पशुओं की भी माैत हुई है।
जानिए माैसम पूर्वानुमान
माैसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार राज्य के कई भागों में 17 सितंबर तक बारिश का दाैर जारी रहने का पूर्वानुमान है। 13 व 14 सितंबर को कुछ भागों में भारी बारिश होने का येलो अलर्ट जारी किया गया है। बीती रात मुरारी देवी में 63.0, भरेड़ी 62.8, स्लापड़ 54.4, नयना देवी 42.6, बग्गी 36.5, कांगड़ा 36.0, पालमपुर 36.0, सुंदरनगर 33.9, मंडी 27.0, गोहर 25.0, काहू 18.6 व सुजानपुर टिहरा में 18.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
दवाड़ा फ्लाईओवर का एक पिलर टूटने से बंद मंडी-कुल्लू हाईवे अस्थायी ताैर पर बहाल
वहीं किरतपुर-मनाली फोरलेन पर स्थित दवाड़ा फ्लाईओवर की हालत एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गई है। 10 सितंबर को दोपहर करीब 3:00 बजे फ्लाईओवर का एक पिलर पूरी तरह टूट गया, जिससे फ्लाईओवर का हिस्सा और गर्डर नीचे बैठ गया। इसके बाद मंडी-कुल्लू राष्ट्रीय राजमार्ग पर वाहनों की आवाजाही करीब दो घंटे तक पूरी तरह बंद रही। घटना की गंभीरता को देखते हुए मौके पर तुरंत पुलिस और एनएचएआई की टीमें पहुंचीं और स्थिति का जायजा लिया। रात 9:00 बजे से लेकर सुबह 6:00 बजे तक इस मार्ग पर सुरक्षा कारणों से ट्रैफिक पूरी तरह बंद रखने के निर्देश दिए गए थे। 11 सितंबर की सुबह एनएचएआई की ओर से तत्काल कार्रवाई करते हुए दो लोहे के पिलर फ्लाईओवर के क्षतिग्रस्त पिलर के पास मजबूती देने के लिए लगाए गए हैं। इनकी मदद से फिलहाल फ्लाईओवर को आंशिक रूप से सहारा मिल गया है। इसके बाद मंडी-कुल्लू मार्ग पर वाहनों की आवाजाही बहाल कर दी गई है। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि यह केवल एक अस्थायी उपाय है और फ्लाईओवर की स्थायी मरम्मत या पुनर्निर्माण की आवश्यकता जल्द से जल्द है। वाहनों को पुलिस निगरानी में धीरे-धीरे निकाला जा रहा है। इस पूरे घटनाक्रम के चलते इलाके में रहने वाले लोग और मार्ग से गुजरने वाले यात्री दहशत में हैं। उन्हें हर रोज आवाजाही के दौरान जान का खतरा बना हुआ है।
स्कूलों-काॅलेजों में दाखिलों की तिथि बढ़ाई
प्रदेश विश्वविद्यालय प्रशासन ने कुलपति की मंजूरी के बाद निजी और सरकारी कॉलेजों में प्राक शास्त्री और अन्य यूजी स्नातक डिग्री में प्रवेश लेने का एक और मौका दिया है। मौसम और अन्य कारणों से जो छात्र स्नातक में प्रवेश नहीं ले पाए है, वे 20 सितंबर तक प्रवेश ले सकते हैं। कॉलेज में प्रवेश की सभी शर्तें लागू रहेंगी। वहीं प्रदेश के स्कूलों में जमा एक कक्षा में दाखिले 15 सितंबर तक हो सकेंगे। स्कूल शिक्षा निदेशालय की ओर से इस बाबत कार्यालय आदेश जारी किया गया है। स्कूल शिक्षा बोर्ड की ओर से बीते दिनों जारी हुए दसवीं कक्षा के पुनर्मूल्यांकन के तहत कई विद्यार्थी पास हुए हैं। ऐसे में इन्हें भी जमा एक कक्षा में दाखिले देने के लिए तारीख बढ़ा गई है। सरदार पटेल विश्वविद्यालय मंडी ने भी स्नातक में प्रवेश की अंतिम तिथि को 20 सितंबर तक बढ़ा दिया है। इससे पहले प्रवेश लेने की अंतिम तिथि 5 सितंबर थी। कुलपति प्रो. ललित कुमार अवस्थी ने बताया कि अपरिहार्य कारणों से अगर कोई विद्यार्थी प्रवेश लेने से वंचित रह गया है, वह प्रवेश ले सकता है।
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