हिमाचल प्रदेश में अक्तूबर की शुरुआत भले ही सूखी रही हो, लेकिन अब मौसम का मिजाज बदलने वाला है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना जताई है। 5 अक्तूबर को जारी राज्य दैनिक मौसम बुलेटिन के अनुसार, 6 से 9 अक्तूबर के बीच कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। वहीं उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की बारिश या बर्फबारी हो सकती है।
6 से 9 अक्तूबर तक बारिश का दौर
मौसम विभाग की सात दिवसीय भविष्यवाणी के मुताबिक 6, 7, 8 और 9 अक्तूबर को मैदानी एवं निचले पर्वतीय क्षेत्रों के कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। मध्य पर्वतीय क्षेत्रों में भी कुछ स्थानों पर बारिश की संभावना है। उच्च पर्वतीय इलाकों में हल्की बारिश के साथ बर्फबारी के आसार जताए गए हैं। जिलावार पूर्वानुमान में ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर समेत कई जिलों में इन दिनों बारिश की संभावना बताई गई है। चंबा, कांगड़ा और कुल्लू के ऊंचाई वाले हिस्सों के अलावा किन्नौर और लाहौल-स्पीति के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बर्फबारी की संभावना है।
आंधी और बिजली चमकने की भी चेतावनी
बारिश के साथ कुछ स्थानों पर आंधी-तूफान और बिजली चमकने का खतरा भी रहेगा। मौसम विभाग के अनुसार 6 अक्तूबर को एक-दो स्थानों पर आंधी-तूफान, बिजली चमकने और 40-50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। 7 से 9 अक्तूबर के दौरान भी कुछ स्थानों पर 30-40 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाओं की संभावना है। जिलावार चेतावनी में ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला सहित कई जिलों में अलग-अलग दिनों के लिए आंधी, बिजली चमकने और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। वहीं किन्नौर और लाहौल-स्पीति में इन दिनों के लिए कोई विशेष चेतावनी नहीं दी गई है।
10 और 11 अक्तूबर को भी हल्की बारिश के आसार
मौसम विभाग के अनुसार 10 और 11 अक्तूबर को भी कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बर्फबारी हो सकती है। हालांकि सप्ताह के बाकी दिनों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की संभावना जताई गई है।
अगले दिनों में गिरेगा तापमान
मौसम में बदलाव का असर तापमान पर भी देखने को मिलेगा। विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटे में न्यूनतम और अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। इसके बाद अगले 3-4 दिनों में न्यूनतम तापमान 2-3 डिग्री सेल्सियस तक और अधिकतम तापमान 2-5 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है। पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में मौसम शुष्क रहा। कई स्थानों पर न्यूनतम तापमान सामान्य से 2-4 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा। ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान 4 से 11 डिग्री, मध्यम पहाड़ी क्षेत्रों में 13 से 19 डिग्री और निचले पहाड़ी/मैदानी क्षेत्रों में 20 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। सबसे कम न्यूनतम तापमान कुकुमसेरी में 4.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं पिछले दिन सबसे अधिक अधिकतम तापमान ऊना में 34.8 डिग्री सेल्सियस रहा।
अक्तूबर की शुरुआत बारिश के लिहाज से बेहद सूखी
मौसम विभाग के बारिश के आंकड़े बताते हैं कि 1 से 5 अक्तूबर तक प्रदेश के ज्यादातर जिलों में सामान्य से काफी कम बारिश हुई है। इस अवधि में बिलासपुर, चंबा, हमीरपुर, कांगड़ा, किन्नौर, कुल्लू, लाहौल-स्पीति, शिमला, सिरमौर, सोलन और ऊना में बारिश शून्य दर्ज की गई। मंडी में इस अवधि में 1.4 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि सामान्य बारिश 3.9 मिलीमीटर है। पूरे उपमंडल स्तर पर बारिश केवल 0.1 मिलीमीटर रही, जबकि सामान्य बारिश 4.4 मिलीमीटर है। यानी बारिश में 98 फीसदी की कमी दर्ज की गई। ऐसे में आने वाले दिनों में संभावित बारिश किसानों और बागवानों के लिए भी अहम रहेगी। हालांकि आंधी और तेज हवाओं के दौरान फसलों तथा बागवानी को नुकसान से बचाने के लिए सावधानी बरतने की जरूरत होगी।
आंधी-बिजली के दौरान सावधानी की सलाह
मौसम विभाग ने आंधी और बिजली चमकने के दौरान लोगों को पेड़ों के नीचे खड़े नहीं होने की सलाह दी है। खुले स्थानों पर गतिविधियां कम करने, सुरक्षित जगह पर रहने और घर के अंदर रहने को कहा गया है। बिजली एवं इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के प्लग निकालने और पानी वाली जगहों से दूर रहने की भी सलाह दी गई है। विभाग के अनुसार तेज हवाओं से पेड़ों की टहनियां टूटने, सड़क किनारे पेड़ों के उखड़ने, खड़ी फसलों को नुकसान और कमजोर ढांचों को आंशिक नुकसान हो सकता है। ढीले होर्डिंग और छतों पर रखी हल्की वस्तुएं भी उड़ सकती हैं।