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हिमाचल प्रदेश: अभिभाषण पर हंगामे के बाद विपक्ष ने रोका राज्यपाल का रास्ता, पांच कांग्रेस विधायक निलंबित

Fri, 26 Feb 2021 03:28 PM IST
अरविन्द ठाकुर अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
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विधानसभा उपाध्यक्ष ने कांग्रेस विधायकों को दिया धक्का। - फोटो : अमर उजाला
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हिमाचल प्रदेश विधानसभा के इतिहास में शुक्रवार का दिन शर्मसार करने वाला रहा। बजट सत्र के पहले दिन राज्यपाल के अभिभाषण पर सदन के अंदर और बाहर कांग्रेस ने जमकर हंगामा और नारेबाजी की। सदन से बाहर निकलते ही राज्यपाल का रास्ता रोकने के दौरान हुई धक्का-मुक्की के बाद सत्तापक्ष के प्रस्ताव पर विधानसभा अध्यक्ष विपिन परमार ने नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री समेत कांग्रेस के पांच विधायकों को इस सत्र के लिए निलंबित कर दिया। उधर, विधानसभा सचिवालय प्रशासन ने कांग्रेस विधायकों के खिलाफ  एफआईआर दर्ज की गई है। यह एफआईआर हिमाचल प्रदेश विधानसभा के बाहर राज्यपाल को रोकने की कोशिश के लिए प्रासंगिक धाराओं के तहत शिमला के बालूगंज पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई है।

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शुक्रवार सुबह सदन में राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने जैसे ही अभिभाषण पढ़ना शुरू किया, कांग्रेस विधायकों ने हंगामा कर दिया। हंगामा बढ़ने पर राज्यपाल ने अभिभाषण के चौदह बिंदू पढ़ने के बाद बाकी पढ़ा हुआ समझा जाए कहकर उसे सदन के पटल पर रख दिया। इस पर विपक्ष उग्र हो गया। मुकेश अग्निहोत्री ने अभिभाषण को पूरा न पढ़ने पर इसे झूठ का पुलिंदा बता दिया। सदन की कार्यवाही को सोमवार 1 मार्च दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया। इसके बाद राज्यपाल विधानसभा अध्यक्ष के कमरे में चले गए, जबकि विपक्ष के विधायकों ने कौंसिल चैंबर के गेट पर नारेबाजी शुरू कर दी।


 



थोड़ी देर बाद राज्यपाल राजभवन जाने के लिए विधानसभा परिसर से निकले तो कांग्रेस विधायकों ने उनका रास्ता रोककर नारेबाजी शुरू कर दी। मार्शलों ने किसी तरह राज्यपाल को उनकी कार में बैठाया, लेकिन कांग्रेस विधायक कार के आगे खड़े होकर नारेबाजी करने लगे। इस बीच मुख्यमंत्री से लेकर कैबिनेट के अन्य मंत्री व विधानसभा अध्यक्ष समझाते रहे, लेकिन विपक्षी विधायक नहीं माने और कार के बोनट पर हाथ मार दिया। बात बिगड़ती देख विधानसभा उपाध्यक्ष ने मोर्चा संभाला और कांग्रेस विधायकों और नेता प्रतिपक्ष को मार्शलों के साथ मिलकर धक्के मारकर हटाया।
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इस दौरान संसदीय कार्यमंत्री सुरेश भारद्वाज धक्का-मुक्की के बीच फंसकर जमीन पर गिए गए। परिसर में हुए हंगामे के बाद विधानसभा अध्यक्ष, मुख्यमंत्री और अन्य की उच्च स्तरीय बैठक हुई और सुबह 11:16 बजे सोमवार दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित किए गए सदन को अचानक दोपहर 12:50 बजे फिर बुला लिया। कार्यवाही शुरू हुई तो संसदीय कार्यमंत्री सुरेश भारद्वाज सदन में हुए घटनाक्रम पर रोष जताते हुए हंगामा करने वाले विधायकों के निलंबन का प्रस्ताव ले आए। प्रस्ताव पर चर्चा के बाद नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री के अलावा विधायक सुंदर सिंह ठाकुर, विनय कुमार, हर्ष वर्धन चौहान और सतपाल सिंह रायजादा को पूरे बजट सत्र के लिए 20 मार्च तक निलंबित कर दिया गया। 

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आज की घटना से दुख पहुंचा : राज्यपाल

विधानसभा परिसर में शुक्रवार को हुए घटनाक्रम पर राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने कहा कि उन्हें इस घटनाक्रम से गहरा दुख पहुंचा है। सदन और परिसर में जो हुआ वह सांविधानिक मर्यादाओं के अनुकूल नहीं था। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के रूप में उन्होंने बिना भेदभाव सभी का सम्मान किया है और राजभवन में सभी का स्वागत किया है। जिन कांग्रेस विधायकों ने जो आचरण किया, वे खुद सरकार का हिस्सा रहकर सांविधानिक परंपराओं के रक्षक रहे हैं, इसलिए उनकी जिम्मेदारी बढ़ जाती है। उन्होंने अपील की कि सदन में चर्चा कर समस्याओं का समाधान करें और सदन की गरिमा बनाए रखें।
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