ई-संवाद एप के लिए पहली से 12वीं कक्षा तक विद्यार्थियों के लिए अध्यापकों को यूनिक स्टूडेंट आईडी 20 जुलाई तक उपलब्ध करवानी होगी। आईडी जनरेट होने के बाद शिक्षक हर विद्यार्थी के माता-पिता के साथ इसे साझा करेंगे, जिससे आईडी को गोपनीय रखा जाए और इसका कोई गलत इस्तेमाल न कर सके।
इसके माध्यम से ही आने वाले समय में शिक्षा से संबंधित सभी गतिविधियों की जानकारियों का क्रियान्वयन होगा। यह जानकारी बुधवार को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान मंडी में जिला मंडी के सभी खंड स्रोत समन्वयकों के साथ वर्चुअल कॉन्फ्रेंस में दी गई। इसकी अध्यक्षता जिला परियोजना अधिकारी सुशील अरोड़ा ने की।
उन्होंने बताया कि यूनिक स्टूडेंट आईडी किस तरह से जनरेट की जाए, इसकी जानकारी सभी खंडों के स्रोत समन्वयकों को वर्चुअल कॉन्फ्रेंस तथा ट्यूटोरियल वीडियो के माध्यम से दी गई है। सुनिश्चित किया गया कि सभी स्रोत खंड समन्वयक अपने-अपने खंडों के सभी अध्यापकों के साथ यह जानकारी साझा करें, ताकि 20 जुलाई से पहले सरकारी स्कूल के प्रथम से 12वीं कक्षा तक के सभी बच्चों को उनकी यूनिक आईडी मिल सके।
लेटेस्ट वर्जन करें अपडेट
जिला समन्वयक चारू वैद्य ने बताया कि 24 जुलाई के व्हाट्सएप क्विज में छात्रों को अपनी स्टूडेंट आईडी का प्रयोग कर ही क्विज में पंजीकरण करवाना अनिवार्य होगा। ई- संवाद एप का लेटेस्ट वर्जन (6.5.9) को प्ले स्टोर से अपडेट करें। तभी यूनीक आईडी देख सकेंगे। अधिक जानकारी के लिए खंड जिला समन्वयक तथा विभिन्न खंडों के खंड स्रोत समन्वयकों से संपर्क करें।