नूरपुर विस के पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता रहे रणजीत बख्शी का रविवार रात को हृदयगति रुकने से निधन हो गया। बख्शी कुछ दिन से अस्वस्थ थे। जालंधर के एक निजी अस्पताल में भर्ती थे। उपचार के दौरान रविवार रात को करीब 9 बजे हृदयगति रुकने से उनका निधन हो गया। वह अपने पीछे पत्नी, दो बेटियां और एक बेटा छोड़ गए हैं। दोनों बेटियां विवाहित हैं।
बेटा अकिल बख्शी अविवाहित है। 83 वर्षीय रणजीत बख्शी भारतीय सेना से सेवानिवृत्त थे। वह कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में से एक थे। वह ब्लॉक कांग्रेस नूरपुर के अध्यक्ष, पंचायत समिति नूरपुर के चेयरमैन के पदों के साथ वर्ष 1997 में नूरपुर के विधायक भी बने। उन्होंने नूरपुर विधानसभा क्षेत्र के विकास में अपना अहम योगदान दिया। राजनीति के साथ वह समाजसेवा में भी अग्रणी भूमिका निभाते आ रहे थे।
रविवार रात को उनके आकस्मिक निधन से क्षेत्र में शोक की लहर है। सोमवार सुबह से ही जसूर स्थित उनके पैतृक आवास पर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि देने वालों की खासी भीड़ रही। सोमवार दोपहर जसूर श्मशानघाट में उनका अंतिम संस्कार किया गया। वन एवं खेल मंत्री राकेश पठानिया, पूर्व विधायक एवं कांग्रेस जिलाध्यक्ष अजय महाजन, पूर्व मंत्री केवल सिंह पठानिया, मनोज पठानिया सहित कई अन्य मौजूद रहे।