वहीं इस रास्ते को तय करने के लिए दो से ढाई घंटे कम समय लगेगा। हालांकि फोरलेन को पहले भी ट्रायल के लिए खोला गया था, लेकिन भारी बारिश के चलते भूस्खलन हुआ था, जिसके बाद से फोरलेन को मंडी-भराड़ी से कैंचीमोड़ तक बंद कर दिया गया था। वाहनों को चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे 205 से होकर ही कुल्लू-मनाली जाना पड़ रहा था।
किरतपुर-मनाली फोरलेन सभी तरह के वाहनों के लिए ट्रायल बेस पर खोला जा रहा है। उन्होंने फोरलेन से सफर करने वाले पर्यटकों से स्पीड लिमिट का ध्यान रखते हुए रफ्तार से ज्यादा वाहन नहीं चलाने की अपील की है। -आबिद हुसैन सादिक, डीसी बिलासपुर
टोल प्लाजा से 20 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले लोगों को मासिक पास की सुविधा दी जाएगी। उन्हें पास के लिए 330 रुपये प्रति माह का भुगतान करना होगा। प्लाजा पर पांच श्रेणियों के वाहनों से अलग-अलग टोल वसूला जाएगा। श्रेणी एक में आने वाले बाइक, कार से जाने का 150 रुपये और आने-जाने का 230 रुपये, श्रेणी दो में आने वाले टैंपो, पिकअप आदि छोटे मालवाहक वाहनों से जाने का 245 रुपये और आने-जाने का 370 रुपये, बस का जाने का 515 रुपये और आने-जाने का 770 रुपये, आठ टायर वाले मालवाहक से जाने का 560 रुपये और आने-जाने का 840 रुपये, 12 टायर या इससे अधिक वाले मालवाहक वाहनों से जाने का 805 रुपये और आने जाने का 1210 रुपये टोल वसूला जाएगा।
शिमला से आने वाले वाहन भी कर सकेंगे फोरलेन का प्रयोगकिरतपुर-नेरचौक फोरलेन सीधे पुराने चंडीगढ़-मनाली राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ा है। राष्ट्रीय राजमार्ग पर कोठीपुरा से फोरलेन के मंडी भराड़ी पुल तक संपर्क मार्ग बनाया गया है। फोरलेन का पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग जुड़ने से शिमला से हमीरपुर और कांगड़ा जाने वाले वाहनों को सीधा लाभ मिलेगा। साथ ही एम्स बिलासपुर भी संपर्क मार्ग शुरू होने से फोरलेन से नजदीक हो गया है।
शिमला से हमीरपुर और कांगड़ा जाने वाले वाहन कोठीपुरा से इस संपर्क मार्ग से सीधा फोरलेन पर पहुंच सकेंगे। सुरंगों में ओवरटेक पर प्रतिबंध किरतपुर-नेरचौक फोरलेन की सुरंग में ओवरटेक पर प्रतिबंध रहेगा। सुरंगों में प्लास्टिक के डिवाइडर लगाए गए हैं। सुरंगों के भीतर गति और ओवर टेक प्रतिबंध को लेकर जगह-जगह साइन बोर्ड लगे है। सुरंगों में आधुनिक कैमरे में भी लगाए गए है, जो हर वाहन की गतिविधि पर नजर रखेंगे।
पांच टनल और 37 पुल से गुजरेगा फोरलेनपरियोजना में पांच टनल बनाई गई हैं। इनमें सबसे बड़ी टनल 1800 मीटर गरामोड़ा, टीहरा टनल 1265 मीटर, भवाणा टनल 740 मीटर, तुन्हू टनल 550 मीटर और सबसे छोटी टनल बागछाल 465 मीटर है। सभी टनल टूलेन तैयार हो गई हैं। चार टनल की समानांतर सुरंग के निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया जारी है। जबकि गरामोड़ा टनल की समानांतर सुरंग का काम चल रहा है। उसका काम भी एक साल में पूरा कर लिया जाएगा। परियोजना में कुल 37 पुल बने हैं। इनमें 22 बड़े और 15 छोटे पुल हैं।
टोल प्लाजा पर मिलेगी रेस्टोरेंट और प्राथमिक उपचार की सुविधा, एंबुलेंस भी रहेगी तैनात किरतपुर-नेरचौक फोरलेन के बिलासपुर स्थित बलोह और पंजाब-हिमाचल सीमा स्थित गरामोड़ा टोल प्लाजा पर रेस्टोरेंट और प्राथमिक उपचार की सुविधा मिलेगी। मिनी नेस्ट पर पैकेट बंद खाना, पीने का पानी, चाय, कॉफी की सुविधा होगी। वहीं, वाहन सवार रुककर भोजन या अन्य खाद्य पदार्थ लेना चाहता है तो उसके लिए भी रेस्टोरेंट की व्यवस्था होगी। निशुल्क शौचालय की सुविधा भी होगी। टोल प्लाजा पर चिकित्सा सहायता पोस्ट स्थापित की गई है। इसके अलावा फोरलेन पर एक एडवांस लाइफ सपोर्ट वाली एंबुलेंस भी तैनात की जाएगी।