जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) गौना करौर, हमीरपुर के प्रिंसिपल जगदीश कौशल का ढाई साल में पांच बार तबादला लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है। 55 वर्षीय शिक्षा अधिकारी जगदीश कौशल ने मार्च 2018 तक डाइट में प्रिंसिपल के पद पर साढ़े तीन वर्ष तक सेवाएं दीं। इसके बाद 13 मार्च 2018 को उनका तबादला हमीरपुर से राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला खनेरी शिमला में प्रधानाचार्य के पद पर किया गया।
यहां से उनका तबादला डाइट लाहौल स्पीति के लिए हुआ। खराब मौसम के चलते उन्होंने कुल्लू में ज्वाइनिंग दी, जिसे लेकर शिक्षा विभाग ने खासी नाराजगी जताई। इसी बीच फिर से उनका तबादला रावमापा खनेरी शिमला के लिए कर दिया गया। कोर्ट में मामला जाने के बाद शिक्षा विभाग ने अपने आदेशों में संशोधन करते हुए उनका तबादला लाहौल स्पीति स्थित डाइट प्रिंसिपल के पद पर कर दिया।
लाहौल स्पीति में डेढ़ साल तक सेवाएं देने के बाद 21 मई 2020 को शिक्षा विभाग ने उनका तबादला डाइट गौना करौर नादौन में के लिए कर दिया। करीब एक माह यहां पर सेवाएं देने के बाद विभाग ने फिर से उनका तबादला शिक्षा उपनिदेशक निरीक्षण के पद के लिए हमीरपुर में कर दिया है। हालांकि इस बीच उन्होंने प्रदेश उच्च न्यायालय का दरवाजा भी खटखटाया।
लेकिन न्यायालय से उन्हें कोई राहत नहीं मिली। एक ही अधिकारी के बार-बार तबादले से कई तरह के सवाल उठ रहे हैं। उधर, डाइट गौना करौर के प्रिंसिपल जगदीश कौशल ने कहा कि ढाई साल के भीतर उनकी पांच बार ट्रांसफर की गई। वह बीमार हैं और पूर्व में उनका मेजर ऑपरेशन भी हो चुका है। ट्रांसफर करवाने वालों की मंशा समझ से परे है। मंगलवार को हमीरपुर में ज्वाइन करूंगा।