प्रतियोगी परीक्षाओं के दौरान परीक्षा केंद्रों में ड्यूटी के दौरान लापरवाही बरतना कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए बड़ी मुश्किल खड़ी कर सकता है। कार्मिक विभाग ने अतिरिक्त मुख्य सचिव राजस्व, सचिव शिक्षा व तकनीकी शिक्षा, डीजीपी, सभी उपायुक्तों और सभी पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिए हैं कि भविष्य में किसी परीक्षा के दौरान अगर किसी कर्मचारी की लापरवाही पाई जाती है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाए।
बताया जा रहा है कि यह कवायद पिछले साल हुई कंडक्टर भर्ती के दौरान परीक्षा केंद्रों पर तैनात कर्मियों की लापरवाही सामने आने पर हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग की नाराजगी के बाद शुरू हुई है। निर्देश में स्पष्ट किया है कि ड्यूटी पर आने से पहले सभी अधिकारी कर्मचारी आयोग के दिशा-निर्देशों को पढ़ लें। उनके हिसाब से ही काम करें। दरअसल, परीक्षाओं के संचालन के दौरान केंद्रों पर परीक्षार्थियों की चेकिंग से लेकर, परीक्षा सामग्री को संभालने में लापरवाही, अभ्यर्थियों की पहचान, अनुमति न होने वाले इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को न पकड़ने व परीक्षा खत्म होने के बाद लिखित रिकॉर्ड को पूरा न करना शामिल है।
आयोग का कहना था कि इसकी वजह से संस्था की पारदर्शी कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होते हैं। ऐसे में परीक्षा केंद्रों पर लापरवाह रवैये के साथ काम करने वालों पर अब कार्रवाई की जाएगी। आयोग की इस नाराजगी के बाद सरकार ने भी कड़ा संज्ञान लेते हुए शिक्षा विभाग को निर्देश दिए हैं कि वह सभी निजी व सरकारी शैक्षणिक संस्थाओं को भी निर्देश दें कि वह आयोग व सरकार की ओर से समय-समय पर जारी निर्देशों का परीक्षाओं के संचालन के समय सख्ती से पालन करें।