आरटीओ के खिलाफ स्टेट विजिलेंस एंड एंटी क्रप्शन ब्यूरो ऊना में 28 फरवरी को भ्रष्टाचार निरोधक कानून की धारा 7 और 8 के तहत मामला दर्ज किया गया है, जबकि 20 मार्च को दूसरी प्राथमिकी में उस पर भ्रष्टाचार निरोधक कानून की धारा 8 व 12 के तहत आरोप लगाए गए हैं।
ऊना में सोशल मीडिया में अचानक पांच वीडियो वायरल हुए थे, जिन्हें आरटीओ कार्यालय का बताया गया था। आरोप लगाए गए थे कि फाइल साइन करने की एवज में यहां रुपये लिए जा रहे हैं।
इसके कुछ ही देर बाद शाम के समय एक व्यक्ति ने विजिलेंस के पास पहुंच कर इस संबंध में शिकायत देते हुए तीन घंटे की वीडियो फुटेज भी दी। इसके बाद विजिलेंस ने भ्रष्टाचार रोधी अधिनियम 2018 की धारा 7 और 8 के तहत मामला दर्ज किया। 20 मार्च को आरटीओ पर घूस देने की कोशिश के आरोप हैं।