उन्होंने कहा कि इन साहसिक खेलों को और अधिक सुरक्षित बनाने के लिए कारगर कदम उठाए जाएंगे ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटनाओं से बचा जा सके। मुख्य सचिव ने पैराग्लाइडिंग को सुरक्षित बनाने के लिए मोबाइल ऐप विकसित करने पर जोर दिया। जिससे पैराग्लाइडिंग पायलटों के उड़ान घंटों को मॉनीटर किया जा सके।
साथ ही कठिन ट्रैकिंग रूटों पर जाने वाले पर्यटकों की सुरक्षा की दृष्टि से जीपीएस ट्रैकिंग बैंड के प्रयोग पर जोर दिया ताकि किसी भी आपात स्थिति में राहत और बचाव कार्य को आसानी से किया जा सके। बैठक में साहसिक खेल में भाग लेने वाले सभी पर्यटकों के इंश्योरेंस को लेकर भी संभावनाएं तलाशने के लिए कहा गया। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव पर्यटन राम सुभग सिंह, अटल बिहारी वाजपेयी पर्वतारोहण एवं संबद्ध खेल संस्थान मनाली के निदेशक कर्नल नीरज राणा, प्रधान सचिव ओंकार चंद, निदेशक एवं विशेष सचिव एसडीएमए डीसी राणा,मौजूद सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।