राज्य सरकार ने 1003 करोड़ की 1613 किलोमीटर लंबी नई सड़कों और 14 पुलों की 273 परियोजनाओं के प्रस्तावों को स्वीकृति प्रदान की है। इन परियोजनाओं के प्रस्तावों को केन्द्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय को भेजा जाएगा। मुख्य सचिव वीसी फारका की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की राज्य स्तरीय स्थायी समिति की 13वीं बैठक में इन परियोजनाओं को मंजूरी प्रदान की गई।
फारका ने कहा कि सरकार ने सड़कों की नई शैल्फें स्वीकृत की हैं, जिनमें प्रथम चरण में नई सड़कों के 211 करोड़ रुपये की लागत के 44 प्रस्ताव, चरण-1 व 2 के तहत 246 करोड़ की लागत की नई सड़कें, 14 छूटे हुए पुल, 391 करोड़ लागत की चरण-2 में नई सड़कें तथा 128 करोड़ लागत की 36 सड़कों के स्तरोन्नयन की स्वीकृति शामिल है।
इन परियोजनाओं में पहाड़ी राज्यों के लिए संशोधित निधि नीति के तहत 90 प्रतिशत राशि केंद्र, जबकि 10 प्रतिशत राशि राज्य वहन करेगा। अतिरिक्त मुख्य सचिव (लोक निर्माण) नरेंद्र चौहान ने राज्य में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत गत 16 वर्षों के दौरान हासिल उपलब्धियों की जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि इस अवधि के दौरान केन्द्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ने 3902 पात्र बस्तियों को जोड़ने के लिए 16474 किलोमीटर सड़कें स्वीकृत की हैं। इनमें से लोक निर्माण विभाग ने 12392 किलोमीटर सड़कें पूरी कर 3522 बस्तियों को सड़क सुविधा प्रदान कर 75 फीसदी भौतिक और 58 वित्तीय उपलब्धि हासिल की है।
उन्होंने कहा कि गत वित्त वर्ष के दौरान विभाग ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत दो चरणों में 1710 करोड़ रुपये के 520 प्रस्ताव स्वीकृत किए थे। जबकि चालू वित्त वर्ष के दौरान अभी तक इस योजना के तहत 23 करोड़ रुपये व्यय किए जा चुके हैं। मार्च 2018 के अंत तक 450 करोड़ रुपये खर्च करने की योजना है।