शिकायत में पूर्व अधिकारी ने बताया कि वह पहले भी ट्रेडिंग में राशि लगाते थे, लेकिन कुछ समय से इसे बंद कर दिया। जुलाई में उन्हें व्हाट्सएप पर ऑनलाइन ट्रेडिंग के लिए एक लिंक आया। इस लिंक पर क्लिक करने के बाद वह एक ग्रुप में जुड़ गए और इसमें अज्ञात व्यक्ति के साथ उनकी बातचीत होने लगी। शातिर की ओर से उन्हें एक ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म में राशि लगाने के लिए कहा और उसमें अच्छे मुनाफे की बात कही। ट्रांजेक्शन के माध्यम से 49.65 लाख रुपये की राशि का निवेश किया। इसी माह जब उन्होंने अपनी राशि निकालने के लिए प्रयास किए तो यह नहीं निकली।
लोन देने का झांसा दे रहे कई एप, डाउनलोड न करें
व्हाट्सएप पर फर्जी लोन देने वाली एप्लीकेशंस को लेकर आने वाले मैसेज की संख्या एकाएक बढ़ गई है। साइबर पुलिस को लगातार इस तरह की शिकायतें मिल रही हैं कि अज्ञात व्हाट्सएप नंबर से आए लिंक पर क्लिक कर लोन एप डाउनलोड किया। एप इंस्टॉल करते ही मोबाइल डाटा कॉपी हो गया और फोन ब्लॉक हो गया। इस तरह के कई मामले सामने आने के बाद साइबर पुलिस ने लोगों के लिए एडवाइजरी जारी की है।
पुलिस ने आगाह किया है कि अज्ञात या अनाधिकृत एप्स को बिल्कुल भी डाउनलोड न करें, यह आपके फोन से निजी जानकारी, जैसे फोटो, कॉन्टेक्ट और बैंक डिटेल्स चुरा सकते हैं। अगर किसी ने गलती से ऐसा कोई एप डाउनलोड कर भी लिया है। तो उसे तुरंत अनइंस्टॉल कर दें। इसके बाद अपने सभी सोशल मीडिया और बैंकिंग एप्स के पासवर्ड तुरंत बदल लें। पुलिस ने बताया कि इस तरह का एप्स आपके फोन पर कंट्रोल कर सकता है।