सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों का फायदा लेने के लिए प्रदेश के लाखों कर्मचारियों को अभी और इंतजार करना पड़ेगा। पंजाब में विधानसभा चुनावों का एलान होने से कर्मचारियों को नए 7 वें वेतन आयोग के अनुसार वेतनमान फिलहाल टल गया है।
दरअसल, हिमाचल प्रदेश में हमेशा से ही पंजाब में लागू होने वाली सिफारिशों के आधार पर ही नया वेतनमान तय कर लागू किया जाता है। ऐसे में अब हिमाचल के कर्मचारियों को भी पंजाब में नई सरकार बनने और उसके एलान करने तक इंतजार करना पड़ेगा।
पंजाब में चुनाव की वजह से हिमाचल के सरकारी कर्मचारियों की वेतन वृद्धि पर कुछ महीने के लिए ब्रेक लग गया है। वित्त विभाग के सूत्रों की मानें तो पंजाब में आचार संहिता लागू हो चुकी है, ऐसे में वहां चुनाव खत्म होने के बाद नई सरकार बनने से पहले सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू होना संभव नहीं है।
कर्मचारियों को करना होगा लंबा इंतजार
ऐसे में पंजाब में जब तक नई सरकार का गठन नहीं होता और वहां की सरकार अपने सरकारी कर्मचारियों के लिये सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें लागू नहीं करती, हिमाचल के कर्मचारियों को इसका लाभ नहीं मिल सकता। वित्त विभाग के सूत्रों की मानें तो प्रदेश सरकार बजट सत्र के दौरान सातवें वेतन आयोग की सिफारिशें प्रदेश में लागू करने की घोषणा करने की तैयारी में थी।
अब पंजाब में चुनाव खत्म होने के बाद ही सरकार नए वेतनमान पर कोई निर्णय कर सकेगी। अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त डॉ. श्रीकांत बाल्दी ने कहा कि पंजाब में नए वेतन आयोग की सिफारिशें लागू होने के बाद ही हिमाचल में नया वेतनमान लागू करने पर कोई फैसला हो सकता है।
साल के अंत तक हिमाचल में भी होने है चुनाव
पांच राज्यों में फरवरी में चुनाव के बीच भले ही हिमाचल में सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के आधार पर नया वेतनमान लागू करने पर ब्रेक लग गया है लेकिन प्रदेश सरकार हर हाल में इसे साल के मध्य तक लागू करने की कोशिश करेगी।
सूत्रों की मानें तो चूंकि प्रदेश में साल के अंत तक विधानसभा चुनाव होने हैं। ऐसे में प्रदेश सरकार हर हाल में प्रदेश के लाखों सरकारी कर्मचारियों को सौगात देकर खुश करने का प्रयास करेगी।