फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हिमाचल में 24 साल बाद लाल सलाम, खूब वायरल हो रहा है फोटो

Wed, 20 Dec 2017 09:36 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
राकेश सिंघा का यह फोटो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है।
विज्ञापन
ठियोग-कुमारसैन विस क्षेत्र में माकपा ने पहली बार विस चुनाव में जीत करवाई। सीपीआईएम नेता राकेश सिंघा को 24791, भाजपा प्रत्याशी राकेश वर्मा को 22808, कांग्रेस प्रत्याशी को 9101, जबकि निर्दलीय देवी राम को 641, रोशन को 294 वोट मिले।
विज्ञापन


इसके अलावा नोटा में 383 वोट पड़े और 54 वोट रिजेक्ट हुए। राकेश सिंघा दूसरी बार हिमाचल विस चुनाव जीते हैं। इससे पहले 1993 में शिमला विस क्षेत्र से विधायक रह चुके हैं।

हिमाचल विस चुनाव में 24 साल बाद माकपा को एक सीट पर जीत मिली है। राकेश सिंघा का एक फोटो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। 2012 में सिंघा ठियोग से चुनाव लड़े थे लेकिन तब उन्हें मात्र दस हजार वोट मिले। इससे पहले माकपा के विधायक 1967 और 1977 में चुनकर हिमाचल विस पहुंच चुके हैं।
विज्ञापन


राकेश वर्मा लमां पाया माहरे जिताया सिंघा साबा के लगे नारे
विस चुनाव में जीत का परचम लहराने के बाद सीपीआईएम समर्थकों ने ढोल-नगाड़ों के साथ विजयी रैली निकाली। समर्थकों ने राकेश वर्मा लमां पाया माहरे जिताया सिंघा साबा के नारे लगाए। एनएच-5 पर जनोघाट से लेकर लोक निर्माण विभाग के विश्राम गृह तक जीत के जश्न में रैली निकाली गई। 

चुनावी वादे किए जाएंगे पूरे

राकेश सिंघा ने कहा कि सभी चुनावी वादे को पूरा किया जाएगा। सीपीआईएम किसानों व गरीब जनता की पार्टी है। ठियोग-कुमारसैन विस क्षेत्र में अग्निशमन केंद्र, कॉलेज से लेकर गुड़िया हत्याकांड को लेकर सीपीआईएम ने कड़ा संघर्ष किया है।

आगे भी यह संघष जारी रहेगा। स्थानीय मुद्दों को जोरशोर से उठाया जाएगा। इस दौरान कॉमरेड नेता बालकृष्ण बाली, संदीप वर्मा, देवरीघाट पंचायत के प्रधान सुरेश वर्मा, पूर्व जिला परिषद सदस्य सोहन ठाकुर, युवा नेता अरुण चंदेल, काका भारद्वाज, महेंद्र वर्मा, राकेश वर्मा के अलावा सैकड़ों लोग मौजूद रहे। 

अब विस जाकर मांगेंगे हक
सीपीआईएम की राज्य कमेटी इकाई ने ठियोग विधानसभा क्षेत्र से माकपा प्रत्याशी राकेश सिंघा को जिताने पर आभार जताया है। पार्टी राज्य सचिव डॉ. ओंकार शाद ने बताया कि प्रदेश की जनता से किए वायदे और उनकी लड़ाइयों को विधानसभा में जाकर लड़ा जाएगा।
विज्ञापन

खाता खोला पर शहर में घटा वामपंथियों का वोट बैंक

विधानसभा चुनाव में एक लंबे अरसे के बाद माकपा ने आखिरकार जीत का स्वाद चख ही लिया। पिछले विधानसभा चुनाव में खाता तक न खोल पाने वाली माकपा ने इस बार जिले में एक सीट पर कब्जा जमाया है। ठियोग सीट पर राकेश सिंघा कांग्रेस और भाजपा उम्मीदवारों पर भारी पड़ गए। विद्या स्टोक्स के चुनाव न लड़ने के बाद सिंघा इस सीट के प्रबल दावेदार थे।

उन्हें इस बार 24, 791 मत हासिल हुए जो पिछले चुनाव से 14412 वोट ज्यादा हैं। कुल 1983 मतों से जीत हासिल करने वाले सिंघा पिछले चुनाव में तीसरे नंबर पर रहे थे। ठियोग में तो माकपा का वोट बैंक बढ़ गया लेकिन शिमला शहर और कसुम्पटी विधानसभा सीट पर मतदाता कम हो गए।

कसुम्पटी सीट में लगातार दूसरी बार चुनाव मैदान में उतरे कुलदीप सिंह तनवर को इस बार 4698 वोट ही मिल पाए। ये पिछले चुनाव से 125 वोट कम थे। माकपा को सबसे ज्यादा नुकसान शिमला शहरी सीट से हुआ है।

यहां पार्टी को इस बार आधे से भी कम वोट मिल पाए हैं। पिछले चुनाव में पूर्व डिप्टी मेयर टिकेंद्र पंवर इस सीट से मैदान में थे। लेकिन इस बार पूर्व मेयर संजय चौहान को प्रत्याशी बनाया गया। उन्हें महज 3047 वोट हासिल हुए जो पिछले चुनाव से 4978 मत कम रहे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें