कार्मिक विभाग ने अपने 2 अप्रैल 2026 के निर्देशों का हवाला दिया। विभाग ने स्पष्ट किया कि उनमें कहीं भी काल्पनिक आधार पर नियमितीकरण का उल्लेख नहीं है। निर्धारित कटऑफ तिथि तक सेवा अवधि पूरी करने वाले सभी पात्र कर्मचारियों को वास्तविक नियमितीकरण का लाभ मिलेगा। इसके तहत उन्हें नियमित कर्मचारी के रूप में सभी वास्तविक वित्तीय लाभ, एरियर तथा अन्य परिणामी सेवा लाभ प्रदान किए जाएंगे। कार्मिक विभाग की इस स्पष्ट राय के बाद भू-अभिलेख निदेशालय ने सभी जिला उपायुक्तों को निर्देश दिए हैं। उन्हें इसी स्पष्टीकरण के आधार पर पात्र कर्मचारियों के मामलों में शीघ्र आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है। यह निर्णय राजस्व विभाग के अनुबंध और दैनिक भोगी कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण राहत है। इससे उनके नियमितीकरण से जुड़े वित्तीय और सेवा लाभों पर बनी सभी शंकाएं समाप्त हो गई हैं।