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कांग्रेस नेता बोलीं, 'दीपिका पादुकोण शर्म करो'

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बॉलीवुड अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के सेक्स की आजादी वाले वीडियो 'माई च्वॉइस' को कांग्रेस महिला नेताओं ने बेहद शर्मनाक बताया है। इनमें से कुछ ने तो कहा कि ऐसी एक्ट्रेस को तो बॉलीवुड इंडस्ट्री से बाहर निकाल दिया जाना चाहिए। इस वीडियो में दीपिका ने कहा था- 'मेरी मर्जी मैं शादी से पहले सेक्स करूं या शादी के बाद। मैं अपने पति से सेक्स करूं या किसी और से। इस पर मुझे कोई नहीं रोक सकता।
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हिमाचल प्रदेश महिला कांग्रेस की महासचिव डॉ. नीलम शर्मा ने कहा कि फिल्म अभिनेता एवं अभिनेत्रियां तो समाज के लिए आदर्श कायम करते हैं। वे समाज के लोगों की सोच को सुदृढ़ करने का संदेश देते हैं लेकिन वीडियो में दीपिका किस तरह का आदर्श प्रस्तुत कर रही हैं यह शर्म की बात है। दीपिका को बॉलीवुड इंडस्ट्री से निकाल दिया जाना चाहिए। बताते चलें कि हिमाचल की हीरेइन कंगना रावत इस वीडियो के खिलाफ अपनी आवाज पहले ही उठा चुकी हैं।

'ऐसी बातें करने से पहले थोड़ी बहुत शर्म करो'

हमीरपुर विधानसभा क्षेत्र की पूर्व विधायक एवं सीपीएस उर्मिल ठाकुर का कहना है कि दीपिका का बयान गलत है। इससे घरों की बर्बादी होती है। इसका कट्टर विरोध करते हुए उर्मिल ने कहा कि विवाह से पूर्व किसी से संबंध रखना हमारे समाज में मान्य नहीं है। दीपिका के इस बयान से समाज में गलत संदेश जा रहा है। उन्हें ऐसी बातें करने के पहले थोड़ी बहुत शर्म करनी चाहिए।

ऐसे विचार अपने पास ही रखे दीपिका- पूर्व विधायक एवं पूर्व राष्ट्रीय महिला कांग्रेस अध्यक्ष अनीता वर्मा का कहना है कि दीपिका क्या चाहती है, क्या पसंद करती है, इस तरह के विचार उन्हें अपने पास ही रखने चाहिए। इस तरह की बातों से हमारे रीति रिवाज और समाज के नियम प्रभावित होते हैं। उन्होंने कहा कि विदेशों के लोग हिंदू रिवाजों को पसंद करते हैं और इन्हें अपना भी रहे हैं। विवाह से पूर्व किसी से संबंध रखना हमारे समाज में गलत है। अभिनेत्री के इस वीडियो को तुंरत बैन किया जाना चाहिए।

'दीपिका के बयान से नारी वर्ग आहत'

हमीरपुर के वार्ड नंबर छह की पार्षद वीना कपिल का कहना है कि हिंदू समाज में नारी को पवित्र एवं पतिव्रता का दर्जा दिया गया है। दीपिका के बयान से नारी वर्ग आहत हुआ है। उसे अपने विचार अपने पास रखने चाहिए न कि समाज में सार्वजनिक करने चाहिए। इस तरह के बयान शोभा नहीं देते हैं।

ऊना जिले के ग्राम पंचायत चताड़ा की मौजूदा महिला प्रधान मीना शर्मा ने कहा कि वीडियो में जो संदेश देने का प्रयास किया गया है, उससे समाज में नई विकृतियां पैदा हो जाएंगी। अभिनेत्री खुद एक महिला है फिर भी ऐसा संदेश देकर वह समाज को तोड़ने का काम कर रही हैं। ऐसी अभिनेत्रियों की तो फिल्मों पर ही प्रतिबंध लगा दिया जाना चाहिए।

कॉलेज की छात्रा मंजीत कौर की मानें तो दीपिका पादुकोण जो वीडियो में समाज की महिलाओं को संदेश देना चाहती हैं, वह बेहद घटिया स्तर है। इससे महिलाओं का उत्थान नहीं, बल्कि पतन ज्यादा होगा। लिहाजा इस वीडियो को बैन किया जाना चाहिए।

शिक्षा विभाग से रिटायर टीचर संतोष छाबड़ा ने कहा कि वीडियो को उन्होंने सुना है, देखा नहीं। लेकिन अगर उसमें अभिनेत्री पुरुषों एवं समाज को गलत संदेश दे रही हैं तो यह चिंता का विषय है। ऐसे वीडियो को किस प्रकार चैनलों पर प्रसारण की अनुमति मिल जाती है यह बड़ा सवाल है।

ये कहा था दीपिका ने

माई चॉइस' एक ब्लैक ऐंड वाइट विडियो है, जिसमें 29 साल की दीपिका ने महिलाओं के बारे में पुरुषों की कुंठित सोच को बदलने का आह्वान किया है। इस विडियो में दीपिका ने कहा है, ''मेरी मर्जी मैं शादी से पहले सेक्स करूं या शादी के बाद। मैं अपने पति से सेक्स करूं या किसी और से। इस पर मुझे कोई नहीं रोक सकता। 'मैं अपनी पसंद के हिसाब से जैसे चाहती हूं, वैसे जिंदगी गुजार सकती हूं।

जैसा चाहती हूं, वैसे कपड़े पहन सकती हूं, यह फैसला कर सकती हूं कि मेरी काया कैसी होगी, कब शादी करना चाहती हूं। यह फैसला मुझे करना है कि मैं स्ट्रेट रहना चाहती हूं या समलैंगिक।' इस विडियो में फरहान अख्तर की पत्नी अधुना, बहन जोया अख्तर और होमी की डिजाइनर पत्नी अनीता भी नजर आ रही हैं। विडियो में शामिल सभी 99 महिलाएं काले रंग के परिधान में हैं।
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देखिए वो वीडियो जिस पर हुआ विवाद

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