यह पार्टी के लिए काम करने का समय है। चुनौतियां बहुत हैं, मगर सबको एक मंच देने की कोशिश करेंगी। रजनी बोलीं कि प्रदेश में कांग्रेस की स्थिति को ठीकठाक करने के लिए वह तमाम कांग्रेसजनों का सहयोग लेना चाहेंगी।
वह प्रदेश के बुजुर्ग नेताओं से भी मार्गदर्शन मांगेंगी। जो पदाधिकारी इस आम सभा में आए और जो नहीं आए, वे उन सभी से बातचीत करेंगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हिमाचल प्रदेश को ज्यादा चाहने वाला राज्य है।
यहां उनकी जिम्मेवारी और भी बढ़ जाती है। पाटिल बोलीं कि इससे पहले वह राज्यसभा की सदस्य के तौर पर मोदी सरकार के चार साल पूरे होने पर इस सरकार की विफ लताओं को प्रमुखता से उजागर कर चुकी हैं।
कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल ने प्रदेश कांग्रेस कमेटी की आम सभा में भी एकजुटता का पाठ पढ़ाया। उन्होेंने कांग्रेस नेताओं को गुटबाजी छोड़कर लोकसभा चुनाव के लिए कमर कसने को कहा। दरअसल बैठक में भी कुछ नेताओं ने ऐसे लोगों को तरजीह देने का मामला उठाया, जिनके पास वोट तक नहीं हैं।
इस पर पाटिल ने सभी कांग्रेसियों को राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी का चुनावी संदेश देकर कहा कि एकजुट होकर मिशन 2019 फतह को पूरा करना है। पाटिल ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू की ओर से ‘जवाब देें सांसद हिसाब दें सांसद’ नाम से मोदी सरकार के चार साल के कार्यकाल की नाकामियों पर चलाए कार्यक्रम की भी तारीफ की।
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश के सभी 7500 बूथों पर 11-11 सदस्यीय टीमें जल्दी ही बनाई जाएंगी। पूरे प्रदेश की इन टीमों का डाटा प्रदेश कांग्रेस के पास होगा। जनता अगले साल लोकसभा चुनाव में भाजपा को सबक सिखाने के लिए तैयार बैठी है।
कांग्रेस की आम सभा में दो प्रस्ताव भी पारित किए गए। इनमें से एक प्रस्ताव शिमला में घोर पेयजल संकट पर रखा गया। वहीं दूसरा कानून-व्यवस्था के खराब होने और असामाजिक तत्वों और अपराधियों के हौसले बुलंद होने के खिलाफ रखा गया।
इन पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने सरकार की कार्यप्रणाली की कड़ी निंदा की। इस बैठक में पूर्व मंत्री कौल सिंह ठाकुर, सुधीर शर्मा, धनीराम शांडिल, प्रकाश चौधरी, चंद्र कुमार, हर्ष महाजन, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गंगूराम मुसाफिर, हरभजन सिंह
भज्जी, रामलाल ठाकुर, हर्षवर्द्धन चौहान, अजय महाजन, रवि ठाकुर, नंद लाल, अनिरुद्ध सिंह, मोहन लाल ब्राक्टा, अजय महाजन, रोहित ठाकुर, कुलदीप सिंह पठानिया, केवल सिंह पठानिया, सुभाष मंगलेट और अन्य नेता मौजूद रहे।