पंचायतीराज मंत्री वीरेंद्र कंवर ने बताया कि इन्वेस्टर मीट में कुल 703 एमओयू किए गए थे जिनमें 96720.88 करोड़ रुपए का निवेश प्रस्तावित है। अब तक 236 में से 96 परियोजनाओं में 2710 करोड़ का निवेश हुआ है।
हिमाचल प्रदेश में 2019 में हुई इन्वेस्टर्स मीट के बाद अब तक 13,488 करोड़ का निवेश धरातल पर उतरा है। 236 परियोजनाएं स्वीकृत की गई थीं। इन्हें सरकार ने एनओसी दी और जमीन भी चिह्नित कर दी। इन्वेस्टर मीट के बाद समझौतों में कुल 1 लाख 96 हजार से ज्यादा लोगों को रोजगार संभावित है। यह जानकारी प्रश्नकाल के दौरान धर्मशाला के विधायक विशाल नेहरिया के सवाल पर उद्योग मंत्री की गैर मौजूदगी में पंचायतीराज मंत्री वीरेंद्र कंवर ने दी।
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उन्होंने बताया कि इन्वेस्टर मीट में कुल 703 एमओयू किए गए थे जिनमें 96720.88 करोड़ रुपए का निवेश प्रस्तावित है। अब तक 236 में से 96 परियोजनाओं में 2710 करोड़ का निवेश हुआ है। 104 परियोजनाओं में निर्माण कार्य प्रगति पर है तथा शेष 36 परियोजनाएं कोरोना महामारी व अन्य कारणों से शुरू नहीं हो सकी हैं। धर्मशाला के लिए कोई सरकारी जमीन उद्योग के लिए चिह्नित नहीं की गई है। धर्मशाला विधानसभा के तहत 9 लोगों ने निजी भूमि उद्योग के लिए प्रस्तावित की है, जिसके लिए अभी तक किसी भी निवेशक से प्रस्ताव नहीं आया है। दूसरी ग्राउंड ब्रेकिंग जल्द ही प्रस्तावित है।