कांगड़ा में भाजपा के वरिष्ठ नेता शांता कुमार और मुख्यमंत्री पद के दावेदार प्रेम कुमार धूमल के बीच संतुलन की धुरी पर चले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऊना में विकास के इंजन का मंत्र फूंका।
लगभग 52 मिनट के संबोधन में मोदी के भाषण की धार केंद्र और प्रदेश में भाजपा सरकार की संभावना के बीच विकास को रफ्तार देने के इर्द-गिर्द रही। कमोबेश मोदी ने लोगों को समझाने की कोशिश की कि केंद्र और राज्य सरकार एक दूसरे की पूरक हैं और जब दोनों में तालमेल सही तो विकास की गाड़ी रुकती नहीं।
मोदी ने इसे आधार बनाकर लोगों से समर्थन मांगा तो धूमल को आगे कर उन्हें विकासोन्मुखी मुख्यमंत्री भी करार दिया। मोदी ने जिक्र किया कि जब केंद्र में अटल सरकार और हिमाचल में धूमल सरकार थी तो प्रदेश में विकास के नए आयाम स्थापित हुए।
अब समय आ गया है कि इस गठबंधन को फिर से मूर्त रूप दिया जाए। वहीं, पीएम नरेंद्र मोदी ने हिमाचल में प्रभारी रहते हुए अपने पुराने दिनों का जिक्र का दिल की बात भी कही।
दिल चले जज्बात चले : हंस राज हंस
प्रदेश की हर तहसील से रूबरू होने की बात और पंडाल में कई परिवारों को जानने की बात कह मोदी जनता के और करीब आए। वहीं, पंजाब सीमा के साथ लगते एवं गुरु नानक देव के वंशजों की धरती ऊना को अपने संबोधन में प्रणाम कर मोदी ने क्षेत्रीय संतुलन भी साधने की कोशिश की।
मोदी ने अपने संबोधन में 2019 में आने वाले 550वें प्रकाशोत्सव को विश्व स्तरीय उत्सव करार देकर लोगों की भावनाओं के साथ जोड़ा। कुल मिलाकर मोदी का दौरा केंद्र और प्रदेश के बीच एक बैनर की सरकार होने पर विकास का दावा कर गया।
भाजपा के स्टार प्रचार के तौर पर हिमाचल में दौरे पर आए प्रसिद्ध सूफी गायक हंसराज हंस ने कुछ देर के लिए मंच पर समां बांधा। हंस राज हंस ने भाजपा के लिए लिखे अपने नए गाने ...दिल चले जज्बात चले, बात तब बनती है जब मन की बात चले, ये बात नसीबों की, भारतीय जनता पार्टी हमदर्द गरीबों की... से
उपस्थित लोगों का मनोरंजन किया। हंसराज हंस ने अपने अंदाज में धूमल की तारीफ करते हुए कहा ..सारा हिमाचल डोल रहा है, धूमल-धूमल बोल रहा है। रैली को सेवानिवृत्त ले. जनरल एचएस कंवर, भाजपा अध्यक्ष सतपाल सत्ती, प्रो. राम कुमार, राजेश ठाकुर, बलवीर चौधरी, वीरेंद्र कंवर ने भी संबोधित किया।