सीएम वीरभद्र सिंह ने आखिरकार खुलासा कर दिया है कि वे कहां से विधानसभा चुनाव लड़ेंगे। सीएम ने बीते वीरवार को कहा था कि वह दो दिन के भीतर चुनाव लड़ने का एलान करेंगे, लेकिन ठीक एक दिन बाद ही सीएम ने इस क्षेत्र से चुनाव लड़ने की घोषणा कर दी है।
मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ठियोग विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने का एलान कर दिया है। 20 अक्तूबर को वीरभद्र सिंह 11 बजे ठियोग में एसडीएम कार्यालय में अपना नामांकन दाखिल करेंगे। इससे पहले वह ठियोग में चुनावी रैली करेंगे।
सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य मंत्री विद्या स्टोक्स ने मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के लिए सीट खाली की है। हालांकि कांग्रेस हाईकमान की ओर से टिकट फाइनल होने की घोषणा अभी बाकी है लेकिन मुख्यमंत्री ने अपनी ओर से इस सीट से चुनाव लड़ने की दावेदारी ठोक दी है।
सीएम से मिला ठियोग का प्रतिनिधिमंडल
वीरभद्र सिंह अभी शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के विधायक है। बेटे विक्रमादित्य के लिए उन्होंने शिमला ग्रामीण सीट छोड़ी है। ठियोग का कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल वीरवार को प्रदेश औद्योगिक विभाग निगम के उपाध्यक्ष अतुल शर्मा की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह से मिला।
वीरभद्र सिंह ने कहा कि ठियोग उनके लिए नया इलाका नहीं है। यह इस क्षेत्र से भली भांति परिचित है। वह इस हलके के चप्पे चप्पे से वाकिफ हैं। उन्होंने कहा कि जब 1962 में महासू लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था, उस समय ठियोग उस हलके का हिस्सा था।
इस मौके पर जिला परिषद सदस्य कृष्णा कुमारी, बीडीसी नारकंडा की अध्यक्ष मीना शर्मा और उपाध्यक्ष श्यामा शर्मा, बीसीसी ठियोग के महासचिव संजय भंडारी, उपाध्यक्ष सुनील खाची, प्रधान परिषद के अध्यक्ष अमर सिंह समेत कई प्रधान और अन्य सदस्य उपस्थित थे।
अर्की से लड़ने पर लगा विराम
सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य मंत्री विद्या स्टोक्स ने कांग्रेस हाईकमान को भी पत्र लिखकर अवगत कराया कि वीरभद्र सिंह ठियोग से बेहतर प्रत्याशी हो सकते हैं। इससे पहले यह भी चर्चा हो रही थी कि सीएम वीरभद्र सिंह अर्की विधानसभा से चुनाव लड़ सकते हैं। लेकिन वीरभद्र सिंह के ठियोग विस क्षेत्र से चुनाव लड़ने के फैसले के बाद सभी तरह की चर्चाओं पर पूर्ण विराम लग गया है।