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मंडी में पंडित सुखराम का तिलिस्म तोड़ने को पूरा जोर लगाएंगे वीरभद्र

Sat, 21 Oct 2017 01:41 PM IST
कमलेश रतन भारद्वाज/अमर उजाला, मंडी
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हिमाचल में भाजपा जहां पीएम मोदी के नाम पर चुनावी जंग की तैयारी कर मैदान में है, वहीं राजनीतिक उथल-पुथल से सूबे की हॉट सीट बनी सदर विस क्षेत्र में मुकाबला सीएम वीरभद्र सिंह बनाम पंडित सुखराम होगा। राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि यहां कांग्रेस प्रत्याशी का महज नाम ही होगा, जंग सीधे सीएम वीरभद्र सिंह लड़ेंगे।
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जिले में यह सीट बाकी चुनाव क्षेत्र के सियासी समीकरणों पर भी असर डाल सकती है। पंडित सुखराम का तिलिस्म तोड़ने को वीरभद्र सिंह पूरा जोर लगाएंगे। पंडित सुखराम ने भी फिर से सक्रियता दिखाकर मुकाबले को रोचक बना दिया है। यहां दोनों दिग्गजों की साख दाव पर होगी।

बहरहाल, अभी पंडित सुखराम दिल्ली में ही हैं। वे जल्द लौटकर बेटे अनिल शर्मा के चुनाव प्रचार की कमान संभालेंगे। अभी तक कांग्रेस ने सदर विस क्षेत्र में प्रत्याशी के नाम का एलान नहीं किया है।
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वीरभद्र खेमे के कार्यकर्ता अनिल शर्मा के भाजपा में शामिल होने को मौकापरस्ती गिना कर रहे तो पंडित सुखराम परिवार के समर्थक इसे आत्म-सम्मान की लड़ाई बता रहे हैं। यहां विचारधारा की लड़ाई परिवारों की हो गई है। अब यह सीट कांग्रेस के लिए साख का सवाल बन गई है।

एक तीर से दो निशाने साधने की जुगत में कौल 
चुनावों की कमान सीएम वीरभद्र सिंह को मिलने के बाद मंडी सीट पर उनके मनमाफिक प्रत्याशी को टिकट मिलने की संभावना है। वीरभद्र सिंह जिले के कद्दावर नेता कौल सिंह ठाकुर के साथ मिलकर चुनावी बिसात बिछाने की तैयारी में है।

मंत्री अनिल शर्मा के खिलाफ कौल सिंह की बेटी जिप मंडी अध्यक्ष चंपा ठाकुर को टिकट मिलना तय है। हालांकि, अभी आधिकारिक घोषणा नहीं हो पाई है। कौल सिंह के विस क्षेत्र द्रंग में प्रदेश कांग्रेस कमेटी और जिप उपाध्यक्ष पूर्ण चंद ठाकुर भी चुनाव लड़ने का एलान कर चुके हैं।

यदि पूर्ण चंद आजाद चुनाव लड़ते हैं तो कांग्रेस की दिक्कतें बढ़ सकती हैं, लेकिन चंपा ठाकुर को टिकट मिलने से कौल सिंह पूर्ण चंद के लिए जिप अध्यक्ष बनने की राह खोल सकते हैं।

कयास लगाए जा रहे हैं कि इस थ्योरी पर कांग्रेस और सीएम वीरभद्र सिंह सियासी दाव चल रहे हैं। इसी रणनीति से मंत्री कौल सिंह यहां एक तीर से दो निशाने साधने की जुगत में लगे हैं।
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