राज्य और जिला उपभोक्ता आयोग में अध्यक्ष और सदस्यों के रिक्त पड़े पदों को जल्द भरा जाएगा। इसके लिए चयनित उम्मीदवारों को बहुत जल्द नियुक्ति पत्र जारी किए जाएंगे। हाईकोर्ट के आदेशों की अनुपालना करते हुए यह जानकारी महाधिवक्ता अनूप रतन ने दी। अदालत के आदेशों की अनुपालना करने के लिए सोमवार को एसीएस आरडी नजीम व्यक्तिगत तौर पर हाईकोर्ट में पेश हुए। इससे पहले मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायाधीश रंजन शर्मा की खंडपीठ ने सख्त रुख अपनाते हुए हिमाचल प्रदेश के अतिरिक्त मुख्य सचिव नजीम को 4 अवमानना नोटिस जारी किया था। अदालत ने कहा था कि चयन समिति की सिफारिशों पर सरकार कोई निर्णय नहीं ले रही है।
चयन प्रकिया पूरी होने के चार महीने बीत जाने के बाद भी सरकार ने चयन समिति की सिफारिशों पर कोई फैसला नहीं लिया है। न्यायालय ने पाया कि राज्य सरकार जानबूझकर आयोगों के सदस्यों की नियुक्ति नहीं कर रही है। इससे राज्य और जिला उपभोक्ता आयोग का कामकाज ठप पड़ गया है। न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर और न्यायाधीश रंजन शर्मा की खंडपीठ ने सरकार को निर्देश दिए थे कि राज्य उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग और जिला उपभोक्ता आयोगों के सदस्यों की नियुक्ति चयन समिति की योग्यता तक सूची के आधार पर 4 अप्रैल सुनिश्चित की जाए। सरकार ने अदालत के आदेशों के बाद राज्य उपभोक्ता आयोग के वर्तमान अध्यक्ष को सेवा विस्तार तो दे दिया। लेकिन अन्य सदस्यों की नियुक्ति नहीं की। नियमों के अनुसार अध्यक्ष के साथ अन्य एक या चार सदस्यों का बैठना जरूरी है।