एमआईएस में बागवानों को 35.68 जारी।
- फोटो : अमर उजाला
हिमाचल प्रदेश में मार्केट इंटरवेंशन स्कीम (एमआईएस) के तहत वर्ष 2026 में करीब 16,877 बागवानों को 35.68 करोड़ रुपये की राशि जारी की गई है। हिमाचल प्रदेश बागवानी उत्पाद विपणन एवं प्रसंस्करण निगम (एचपीएमसी) ने इसमें 17.53 करोड़ रुपये नकद और 18.15 करोड़ रुपये एचएमओ/टीएसओ, उर्वरक, मशीनरी सहित अन्य इनपुट के रूप में दिए हैं। वहीं, 7,059 बागवानों से संबंधित 12.13 करोड़ रुपये के भुगतान दावों की प्रक्रिया अभी जारी है।
एचपीएमसी के प्रवक्ता के अनुसार प्रदेश सरकार बागवानों के हितों की रक्षा और उनके लंबित भुगतान समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित करने के लिए प्रयासरत है।
इसी कड़ी में निगम के निदेशक मंडल की 8 अक्तूबर को हुई बैठक में लंबित एमआईएस भुगतान दावे जमा करवाने के लिए अलग-अलग समयसीमा निर्धारित की गई है। इसका उद्देश्य लंबित दावों का निपटारा करने के साथ निगम की वित्तीय देनदारियों का आकलन करना और भुगतान प्रक्रिया को पारदर्शी बनाना है। एचपीएमसी ने बागवानों से निर्धारित समयसीमा के भीतर अपने भुगतान दावे आवश्यक दस्तावेजों सहित संबंधित शाखा में जमा करवाने की अपील की है। निगम ने लंबित भुगतान दावों की प्रक्रिया को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के लिए सभी संबंधित शाखाओं को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं।
बागवानों से आवश्यक दस्तावेज प्राप्त होने के बाद उनके दावे को क्रम संख्या आवंटित की जाएगी और संबंधित विवरण रजिस्टर में दर्ज किया जाएगा। इससे दावों का क्रमवार रिकॉर्ड बनाए रखने और भुगतान प्रक्रिया को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। एचपीएमसी ने सभी संबंधित बागवानों से अपील की है कि वे तय समयसीमा का विशेष ध्यान रखें और अपने लंबित भुगतान दावे आवश्यक दस्तावेजों के साथ संबंधित शाखा में समय पर जमा करवाएं।