आपूर्ति सुचारु बनाने पर हाईकोर्ट में दें सुझाव
शिमला। शहर में पानी की किल्लत को लेकर दायर मामले में प्रदेश हाईकोर्ट ने शिमला जल प्रबंधन बोर्ड को आदेश दिए हैं कि वह पानी की व्यवस्था सुचारु रूप से किए जाने के बारे में मंगलवार तक अपने सुझाव अदालत के समक्ष पेश करें। न्यायाधीश तरलोक सिंह चौहान और न्यायाधीश सीबी बारोवालिया की खंडपीठ ने मामले को मंगलवार के लिए सूचीबद्ध किया है।
शिमला जल प्रबंधन बोर्ड की ओर से अदालत को बताया गया कि पिछले दिनों गुम्मा में बिजली ठप रहने से पानी की आपूर्ति बाधित रही। अदालत को बताया कि शिमला जल प्रबंधन बोर्ड ने बिजली बोर्ड के पास नए ट्रांसफार्मर के लिए पैसे जमा करवाए हुए हैं लेकिन अभी तक बिजली बोर्ड ने नया ट्रांसफार्मर नहीं लगाया है। अदालत ने इस मामले में हिमाचल प्रदेश बिजली बोर्ड और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को प्रतिवादी बनाया है। अदालत को यह भी अवगत करवाया गया कि गुम्मा से कोटखाई तक हो रही अवैध डंपिंग से प्राकृतिक स्रोत सूखने की कगार पर हैं।