लगातार जल रहे जंगलों और अब जंगल की आग से हो रही लोगों की मौत के बीच वन विभाग बड़ी कवायद में जुट गया है। विभाग अब दूरदराज के उन इलाकों में हेलीकाप्टर से आग बुझाने पर विचार कर रहा है जहां अग्निशमन वाहन नहीं जा सकते। इसके अलावा आबादी और रिहाइश को बचाने के लिए भी इस सेवा को लेने पर विचार हो रहा है।
शासन के निर्देश पर विभाग ने खर्च और जगहों के चयन लेकर काम शुरू कर दिया है। पिछले कुछ दिन में जंगल की आग के चलते आधा दर्जन लोगों की मौत हो चुकी है। मंगलवार को इस क्रम में एक डिप्टी रेंजर की मौत के बाद विभाग ने आग से निपटने के लिए नए निर्देश जारी किए हैं।
अतिरिक्त मुख्य सचिव वन तरुण कपूर ने बताया कि सभी वन कर्मियों के अलावा आम लोगों को भी कहा जा रहा है कि आग बुझाने से पहले खुद को सुरक्षित रखना सुनिश्चित करें। इसके अलावा अकेले आग बुझाने के बजाय समूह में ही कोशिश करें ताकि संकट के समय एक दूसरे को मदद कर सके।
कपूर ने बताया कि मंगलवार को ही पीसीसीएफ ने सभी वन मंडलाधिकारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग से बैठक भी की थी। कहा कि फिलहाल प्रदेश के अलग अलग हिस्सों में करीब 65 आग की घटनाएं है लेकिन ज्यादातर नियंत्रण में हैं। उन्होंने कहा कि दूरदराज के इलाकों में आग बुझाने के लिए हेलीकाप्टर सेवा लेने पर विचार किया जा रहा है।