लोक निर्माण विभाग के कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। 600 डोजर, जेसीबी मशीनें व अन्य मशीनरी सड़कों को बहाल करने में लगाई गई हैं। 20 हजार कर्मचारियों को फील्ड में लगाया गया है।
हिमाचल प्रदेश में सोमवार को भारी बारिश से 184 सड़कें यातायात के लिए बाधित हैं। प्रदेश सरकार ने लोक निर्माण विभाग के कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। 600 डोजर, जेसीबी मशीनें समेत अन्य मशीनरी सड़कों को बहाल करने में लगाई गई हैं। 20 हजार कर्मचारियों को फील्ड में लगाया गया है। सड़कों में जगह-जगह मलबा आने से करीब 50 बसें घंटों फंसी रहीं। प्रधान सचिव लोनिवि सुभाशीष पांडा ने कहा कि नुकसान का आंकलन किया जा रहा है। 100 से ज्यादा सड़कें यातायात के लिए बहाल की गई है। मंगलवार तक अधिकांश सड़कें बहाल कर दी जाएंगी।
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पोल और तारें टूटने से प्रदेश में 137 बिजली ट्रांसफार्मर ठप हो गए हैं। कई जगह बिजली सप्लाई ठप है। कई क्षेत्रों में गाद आने से पेयजल योजनाएं प्रभावित हुई हैं। राजधानी शिमला सहित कई जगह पीने के पानी का संकट गहरा गया है। लाहौल के मंडग्रा नाले में बाढ़ आने से पांगी-किलाड़ का मनाली से संपर्क कट गया है। ऊना जिला मुख्यालय में जलभराव हुआ है। चंबा-सिरमौर में एक-एक और मंडी में दो घर बहे हैं। उधर मनाली-लेह मार्ग पर भारी बारिश के कारण एनएच-तीन हाईवे पर पागल नाला, तेलिंग नाला तथा भरतपुर नाला में जलस्तर बढ़ गया है। ऐसे में यात्रा करना जोखिम भरा हो गया है। यहां दोनों ओर से पर्यटकों के साथ सामान से भरे ट्रक व तेल के टैंकर भी फंसे हैं। मनाली-लेह मार्ग पर 70 वाहन फंसे हैं। इनमें अधिकतर पर्यटक वाहन शामिल हैं।
मंडी-कुल्लू-मनाली एनएच घंटों रहा ठप
वहीं, मंडी-कुल्लू-मनाली एनएच घंटों बंद रहा। संपर्क सोमवार शाम करीब पांच बजे चंडीगढ़ से पूरी तरह से कट गया। मंडी से करीब नौ किमी दूर सात मील के संदली के पास भूस्खलन से यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया। वहीं वैकल्पिक मंडी-बजौरा मार्ग कनोज के पास बंद हो गया है। पर्यटकों के सैकड़ों वाहन फंसे रहे। यात्रियों को बारिश के बीच भारी असुविधाओं का सामना करना पड़ा। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मंडी आशीष शर्मा ने बताया कि लोनिवि ने एनएच को बहाल कर दिया है।
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बीबीएन में टूटी सड़कें, सलोगड़ा में स्कूल में घुसा पानी
जिला सोलन में सोमवार सुबह खूब बारिश हुई है। बीबीएन में तेज बारिश से कई जगह सड़क और डंगे टूट गए। इससे लोनिवि को करीब 13 लाख का नुकसान हुआ है। बारिश से बद्दी के एक भवन और सोलन के सलोगड़ा स्कूल में फोरलेन कार्य के चलते पानी और मलबा घुस गया है। वहीं सूखे की मार झेल रहे किसानों को भी राहत मिली है। पिछले एक माह से किसान बारिश का इंतजार कर रहे थे।